वाल्मीकिनगर : वीटीआर वन प्रमंडल दो के वाल्मीकिनगर वन क्षेत्र से सटे दरुआबारी दोन पथ पर बच्चे के साथ भालू के विचरण करने से दोन पथ से गुजरने वाले ग्रामीणों में दहशत व्याप्त हो गयी है. इसके अलावा सिंचाई विभाग के ई टाइप कॉलोनी, पोस्ट ऑफिस क्षेत्र समेत हॉस्पिटल मार्ग क्षेत्र में वन क्षेत्र से भटक कर एक भालू व तेंदुआ के साथ उसके शावक के विचरण करने का सिलसिला भी थमने का नाम नहीं ले रहा है.
बच्चे के साथ भालू के विचरण से सहमे लोग
वाल्मीकिनगर : वीटीआर वन प्रमंडल दो के वाल्मीकिनगर वन क्षेत्र से सटे दरुआबारी दोन पथ पर बच्चे के साथ भालू के विचरण करने से दोन पथ से गुजरने वाले ग्रामीणों में दहशत व्याप्त हो गयी है. इसके अलावा सिंचाई विभाग के ई टाइप कॉलोनी, पोस्ट ऑफिस क्षेत्र समेत हॉस्पिटल मार्ग क्षेत्र में वन क्षेत्र से […]

ग्रामीणों की माने तो भालू पिछले दो सप्ताह से दोन पथ पर देर शाम विचरण करता हुआ दिखाई पड़ रहा है. शोर मचाने पर भालू जंगल में प्रवेश कर जाता है. तब राहगीर डरते डरते अपना रास्ता तय कर लेते हैं. वहीं दूसरी तरफ वाल्मीकिनगर के सिंचाई विभाग के कॉलोनी के इर्द-गिर्द भी भालू चक्कर लगा रहा है.
वन्यजीवों के विचरण से ग्रामीणों में दहशत का माहौल और जान माल का खतरा बन गया है. बता दें कि लगभग दो सप्ताह पूर्व हुए लगातार बारिश के बाद पड़ रही गर्मी से व्याकुल होकर वन्यजीव और सरीसृप प्रजाति के कीड़े मकोड़े भी रिहाइशी क्षेत्रों में निकल रहे हैं. जिससे ग्रामीणों में भय का माहौल है. इस बाबत वाल्मीकिनगर रेंजर महेश प्रसाद ने बताया कि वन क्षेत्र से रिहाइशी क्षेत्र सटे हुए हैं.
जिस कारण कभी-कभार वन्यजीव रास्ता भटक कर रिहाइशी क्षेत्र में प्रवेश कर जाते हैं. ग्रामीणों से अपील है कि वे सतर्क और सजग रहे. किसी भी वन्यजीव को देखने के बाद उसे नुकसान नहीं पहुंचाएं अपितु इसकी सूचना तत्काल वन क्षेत्र कार्यालय को दें. वन कर्मी तत्काल उनके पास पहुंचकर वन्यजीवों का रेस्क्यू कर लेंगे.