व्यवसायी के पुत्र का नहीं हुआ था अपहरण

मोतिहारी : लखौरा के सरसौला निवासी ईंट व्यवसायी पुत्र राजन कुमार का अपहरण नहीं हुआ था. बिजनेस में लगातार घाटा लगने व कर्ज की बोझ से दबने के कारण नगर थाना चौक के पास एक डॉक्टर के क्लिनिक पर अपनी बाइक लगा फरार हो गया था. मंगलवार को राजन कोलकाता से वापस लौटा, तो सच्चाई […]

मोतिहारी : लखौरा के सरसौला निवासी ईंट व्यवसायी पुत्र राजन कुमार का अपहरण नहीं हुआ था. बिजनेस में लगातार घाटा लगने व कर्ज की बोझ से दबने के कारण नगर थाना चौक के पास एक डॉक्टर के क्लिनिक पर अपनी बाइक लगा फरार हो गया था.

मंगलवार को राजन कोलकाता से वापस लौटा, तो सच्चाई सामने आयी. उन्होंने बताया कि क्लिनिक पर बाइक लगा मिथिला ट्रेन पकड़ कर कोलकाता चला गया.
बीच रास्ते से भाई अरविंद के पास आवाज बदल फोन किया. बताया कि बाइक क्लिनिक पर लगी है. कर्ज चुकता करने के लिए उसने खुद के अपहरण की साजिश रची.
आवाज बदल परिजनों से पांच लाख की फिरौती मांगी. एसपी उपेंद्र कुमार शर्मा ने बताया कि कोलकाता का टावर लोकेशन मिलने पर पुलिस टीम को भेजा गया, तबतक राजन कोलकाता से ट्रेन पकड़ मेहसी में उतर गया.
वहां मोबाइल से सिम निकाल तोड़ कर फेंक दिया. एक अंजान लड़के से मोबाइल लेकर अपने पिता मदन सिंह के पास फोन कर वापस लौटने की जानकारी दी. चकिया पुलिस ने पहुंच उसको अपने अभिरक्षा में लिया. वहां से नगर पुलिस उसको लेकर आयी.
एसपी ने कहा कि राजन ने बिजनेस करने के लिए पिता से तीन लाख रुपये लिया था. बिजनेस में उसे घाटा लगा. दोबारा एक लाख लेकर चॉकलेट का बिजनेस किया, लेकिन उसमे भी घाटा लग गया. फिर उसने बाहरी लोगों से एक लाख कर्ज लेकर काम शुरू किया. इस बार भी किस्मत साथ नहीं दी. इसको लेकर राजन ने खुद के अपहरण की साजिश रच परिजनों से फिरौती का डिमांड किया था.
उन्होंने बताया कि न्यायालय में राजन का 164 का बयान दर्ज कराया जायेगा. उसका मेडिकल चेकअप भी कराया गया है, लेकिन शरीर के किसी भी हिस्से में जख्म के निशान नहीं है.

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