बक्सर : अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश तृतीय सुमन कुमार सिंह ने पिता के साथ मारपीट करने वाले पुत्र को 3 वर्षों की कारावास की सजा सुनायी. साथ ही साथ 5500 रुपये का अर्थदंड भी लगाया. अर्थदंड नहीं देने पर अभियुक्त को तीन माह अतिरिक्त जेल में बिताने होंगे.
घटना को कृष्णाब्रह्म थाना के चौकिया गांव में 6 एवं 7 मार्च 2013 को अंजाम दिया गया था. इस संबंध में पीड़ित दयालु राय ने पुलिस को बताया था कि उसके दो पुत्र एवं चार पुत्रियां हैं. जिसमें पहला पुत्र शिव कुमार राय बंटवारा कर अलग रहता है.
जबकि चारों पुत्रियों की शादी वह कर चुका है. इसी बीच तीसरी पुत्री उससे मिलने के लिए घर आयी हुई थी, जिसके कान का गहना अभियुक्त बड़े पुत्र ने 6 मार्च को छीन लिया, जिसे लोगों के समझाने-बुझाने पर दूसरे दिन लौटाने की बात कही थी, लेकिन 7 मार्च को घर के बगल के खेत में लाठी-डंडे से पिता एवं उसकी तीसरी पुत्री पर हमला कर दिया, जिससे दोनों काफी जख्मी हो गये.
जब दूसरा पुत्र शैलेश कुमार राय बचाने आया तो लाठी से उसके सिर पर भी जानलेवा हमला कर जख्मी कर दिया था. बाद में ग्रामीणों ने बीच बचाव कर किसी तरह उन्हें बचाया. सुनवाई में अभियोजन पक्ष के तरफ से कुल पांच गवाहों की गवाही कलम दर्ज की गयी.
उपलब्ध साक्ष्यों एवं गवाहों की गवाही के आधार पर न्यायालय ने अभियुक्त शिवकुमार राय को भारतीय दंड विधान की धारा 325 के तहत तीन वर्षों का कारावास एवं पांच हजार जुर्माने की सजा तथा भारतीय दंड विधान की धारा 231 के तहत एक वर्ष के कारावास एवं 500 रुपये जुर्माने की सजा सुनायी.दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी.
