Nalanda road accident: सिलाव नगर पंचायत के पूर्व वार्ड पार्षद नंदकिशोर चौधरी और उनकी पत्नी को 5 सितंबर की सुबह सिलाव नहर के समीप तेज रफ्तार वाहन ने टक्कर मार दी. हादसे में पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गयीं और इलाज के दौरान सोमवार की सुबह पटना में उनकी मौत हो गयी. वहीं, नंदकिशोर चौधरी का इलाज पावापुरी मेडिकल कॉलेज में चल रहा है. हादसे के बाद वाहन चालक मौके से फरार हो गया.
दोनों पति-पत्नी प्रतिदिन की तरह सुबह करीब चार बजे बिहारशरीफ-राजगीर फोरलेन पर टहलने निकले थे. इसी दौरान सिलाव नहर के पास तेज रफ्तार से आ रहे वाहन ने दोनों को टक्कर मार दी. हादसे के बाद आसपास के लोगों ने दोनों को सिलाव सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया. प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने दोनों को पावापुरी मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया. पत्नी की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें पटना रेफर किया गया था.
पटना में इलाज के दौरान पत्नी की मौत
पटना में पत्नी की हालत लगातार गंभीर बनी हुई थी. परिजनों के अनुसार चिकित्सकों ने उन्हें बचाने का काफी प्रयास किया, लेकिन सोमवार की सुबह इलाज के दौरान उनकी मौत हो गयी. पत्नी की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया. परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. घटना के बाद इलाके में भी शोक का माहौल है.
पूर्व वार्ड पार्षद ने लगाया साजिश का आरोप
घटना के बाद नंदकिशोर चौधरी ने इसे महज सड़क दुर्घटना नहीं बताते हुए पूर्व में मिली धमकी से जोड़कर गंभीर आरोप लगाया है. उनका कहना है कि घर के बगल में रहने वाले एक व्यक्ति ने उन्हें धमकी दी थी कि यदि उन्होंने उसके मामले में कोर्ट में गवाही दी, तो उन्हें और उनकी पत्नी दोनों को जान से मार दिया जाएगा.
नंदकिशोर चौधरी के अनुसार धमकी मिलने के बाद उन्होंने अधिवक्ता के माध्यम से न्यायालय में आवेदन देकर सुरक्षा की मांग की थी. उन्होंने गवाही के दिन पुलिस सुरक्षा उपलब्ध कराने का अनुरोध किया था, ताकि वह सुरक्षित रूप से न्यायालय पहुंचकर गवाही दे सकें.
कोर्ट ने सिलाव थाना पुलिस को दिया था सुरक्षा का आदेश
पूर्व वार्ड पार्षद के मुताबिक न्यायालय ने उनकी सुरक्षा को गंभीरता से लेते हुए सिलाव थाना पुलिस को आदेश जारी किया था. आदेश में गवाही के दिन उन्हें सुरक्षा के साथ घर से न्यायालय ले जाने और गवाही के बाद सुरक्षित घर पहुंचाने की व्यवस्था करने को कहा गया था.
नंदकिशोर चौधरी का आरोप है कि जिस मामले में उन्हें गवाही देनी थी, उसमें गवाही देने से पहले ही उन्हें और उनकी पत्नी को वाहन से कुचल दिया गया. घटना के बाद उन्होंने नितिश कुमार को नामजद करते हुए सिलाव थाने में प्राथमिकी दर्ज करायी है.
वाहन और चालक की तलाश में जुटी पुलिस
घटना के बाद पुलिस मामले की जांच में जुट गयी है. पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि दंपती को टक्कर मारने वाला वाहन कौन सा था और घटना के समय उसे कौन चला रहा था. पूर्व वार्ड पार्षद की ओर से लगाये गये धमकी और साजिश के आरोपों की भी जांच की जा रही है.
पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों और प्रत्यक्षदर्शियों से मिली जानकारी के आधार पर फरार वाहन और चालक का पता लगाने में जुटी है. परिजनों और स्थानीय लोगों ने पुलिस से घटना की निष्पक्ष जांच कर दोषियों को जल्द गिरफ्तार करने और फरार वाहन बरामद करने की मांग की है. पत्नी की मौत के बाद परिवार के लोग नंदकिशोर चौधरी के इलाज को लेकर भी चिंतित हैं.
