Nalanda Delivery in e rickshaw: बिहारशरीफ सदर अस्पताल के मुख्य द्वार पर बुधवार सुबह 7:50 बजे उस समय अफरातफरी मच गयी, जब प्रसव पीड़ा से परेशान एक महिला ने टोटो में ही बच्चे को जन्म दे दिया. अचानक हुई घटना के बाद अस्पताल परिसर में लोगों की भीड़ जुट गयी. अस्पताल कर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए महिला और नवजात को तत्काल अस्पताल के अंदर पहुंचाया, जहां दोनों को चिकित्सकीय निगरानी में भर्ती किया गया.
तेज प्रसव पीड़ा के बाद टोटो से अस्पताल लेकर पहुंचे परिजन
जानकारी के अनुसार, रामचंद्रपुर निवासी मुढारी पांडेय की 24 वर्षीय पत्नी अर्चना देवी को बुधवार सुबह अचानक तेज प्रसव पीड़ा शुरू हो गयी. पीड़ा बढ़ने पर परिजनों ने बिना देर किये उन्हें टोटो से सदर अस्पताल ले जाने का फैसला किया. परिजन महिला को लेकर अस्पताल के मुख्य द्वार तक पहुंचे ही थे कि प्रसव पीड़ा काफी तेज हो गयी. अस्पताल के गेट पर पहुंचते ही अर्चना देवी ने टोटो में ही बच्चे को जन्म दे दिया.
अस्पताल कर्मियों ने तत्काल संभाला मोर्चा
बच्चे के जन्म की सूचना मिलते ही अस्पताल में मौजूद कर्मी तुरंत मौके पर पहुंचे. उन्होंने जच्चा-बच्चा को सुरक्षित तरीके से अस्पताल के अंदर पहुंचाया. इसके बाद दोनों को भर्ती कर चिकित्सकों ने आवश्यक जांच और इलाज शुरू किया. घटना के बाद कुछ देर के लिए अस्पताल के मुख्य द्वार पर लोगों की भीड़ जमा हो गयी. हालांकि अस्पताल कर्मियों की तत्परता से महिला और नवजात को समय पर चिकित्सा सुविधा मिल गयी.
जच्चा-बच्चा दोनों की स्थिति सामान्य
परिजनों के अनुसार, अर्चना देवी को घर से अस्पताल लाने के दौरान ही प्रसव पीड़ा काफी तेज हो गयी थी. अस्पताल पहुंचते-पहुंचते प्रसव हो गया. फिलहाल जच्चा और बच्चा दोनों चिकित्सकों की निगरानी में हैं और उनकी स्थिति सामान्य बतायी जा रही है.
