हर दिन जाम, कैसे मिले मुक्ति निजात

पुलिस अंकल कुछ तो कीजिये, तीन दिनों से फंस रहे हैं हमलोग आरा : जाम की समस्या से तीसरे दिन भी शहरवासी जूझते रहे. जिधर जायें , उधर ही जाम. हर तरफ जाम का नजारा. जाम में फंसे स्कूली वाहन के बच्चे ने पुलिस को देखते ही बस से ही आवाज दी कि पुलिस अंकल […]

पुलिस अंकल कुछ तो कीजिये, तीन दिनों से फंस रहे हैं हमलोग
आरा : जाम की समस्या से तीसरे दिन भी शहरवासी जूझते रहे. जिधर जायें , उधर ही जाम. हर तरफ जाम का नजारा. जाम में फंसे स्कूली वाहन के बच्चे ने पुलिस को देखते ही बस से ही आवाज दी कि पुलिस अंकल कुछ तो कीजिए, तीन दिनों से इसी तरह जाम की समस्या से हम लोगों को जूझना पड़ रहा है. प्रतिदिन घर जाने में देर हो जा रही है. शहर की तीन दिनों से यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गयी है. नतीजन शहर के चारो तरफ जाम की समस्या से लोगों को जूझना पड़ रहा है.
क्या है जाम की वजह : लोगों की मानें तो जिस हिसाब से वाहनों का बोझ सड़कों पर बढ़ता जा रहा है. उस तरह शहर की सड़कें चौड़ी नहीं की गयीं. सड़क के दोनों तरफ अतिक्रमणकारियों का भी कब्जा रहता है. वहीं पार्किग की व्यवस्था न होने के कारण सड़कों के किनारे बेतरतीब ढंग से वाहनों को खड़ा कर दिया जाता है. जिससे जाम की समस्या बन जाती है.
10 बजे से दो बजे के बीच लगता है भीषण जाम : 10 बजे से लेकर दो बजे के बीच भीषण जाम लग जाता है. अक्सर 10 बजे सभी दफ्तर, विद्यालय खुल जाते हैं. यातायात व्यवस्था दुरुस्त न होने के कारण यातायात नियमों का पालन नहीं हो पाता है. जिससे जाम की समस्या उत्पन्न हो जाती है. वहीं ज्यादातर प्राइवेट विद्यालय की छुट्टी दो बजे होती है. जिसके कारण शहर में स्कूली बसों के कारण जाम की समस्या खड़ी होती है.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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