विरोध में छात्रों ने जाम की सड़क
आरा : नवादा थाना क्षेत्र के तहत आनेवाले बीके क्लासेज कोचिंग सेंटर पर अचानक उपद्रवी, जिसमें कोचिंग तीन लोग जख्मी हो गये. इस घटना से गुस्साये लोगों ने डीएम कार्यालय का घेराव करते हुए टायर जलाकर रोड को जाम कर दिया. लोग प्रशासन से सुरक्षा की मांग की है. इसको लेकर करीब पांच घंटे तक […]
आरा : नवादा थाना क्षेत्र के तहत आनेवाले बीके क्लासेज कोचिंग सेंटर पर अचानक उपद्रवी, जिसमें कोचिंग तीन लोग जख्मी हो गये. इस घटना से गुस्साये लोगों ने डीएम कार्यालय का घेराव करते हुए टायर जलाकर रोड को जाम कर दिया. लोग प्रशासन से सुरक्षा की मांग की है. इसको लेकर करीब पांच घंटे तक शहर में अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही.
बाद में आपसी समझौते के बाद मामला शांत हुआ. हालांकि इस घटना में किसी भी पक्ष की ओर से प्राथमिकी दर्ज नहीं करायी गयी है. जानकारी के मुताबिक मंगलवार की सुबह बीके क्लासेज के संस्थापक बीके सिंह रोजाना की तरह कार्यालय पहुंचे. इसी बीच आधा दर्जन उपद्रवी पहुंचे और किसी बात को लेकर उनसे उलझ गये. इसके बाद बीच-बचाव करने पहुंचे मंटू सिंह व उनके पुत्र अविचल उर्फ गोलू के साथ भी वे लोग उलझ गये. इसके बाद दोनों तरफ से मारपीट शुरू हो गयी. इस घटना में मंटू सिंह व गोलू बुरी तरह से जख्मी हो गये.
घायलों का इलाज कराया गया. इस घटना की सूचना मिलते ही कोचिंग में पढ़नेवालों छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा और विरोध में लोग सड़क पर उतर गये. इसके कारण करीब पांच घंटे तक सड़क जाम हो गया. वाहनों को रास्ता बदलकर आना पड़ा. स्टेशन से आने व जानेवाले लोगों को पैदल ही जाना पड़ा. बाद में पुलिस के हस्तक्षेप के मामला शांत हुआ.
कोचिंग संचालकों ने ही कराया हमला : पीड़ित मंटू सिंह ने बताया कि कोचिंग पर उपद्रवियों द्वारा हमले करने के बाद उन्होंने नवादा थाना व एसपी को भी सूचना दी थी, लेकिन समय रहते पुलिस मौके पर नहीं पहुंची. इसके कारण काफी देर तक अराजकता की स्थिति बनी रही. हमले के पीछे दूसरे कोचिंग संचालकों का हाथ है. उन्होंने कहा कि हमला करनेवाले कुछ लोगों को वे पहचानते हैं, जो कि दूसरे कोचिंग में पढ़ते हैं. साजिश के तहत यह हमला किया गया.
मारपीट करने में पुलिस कर्मी का बेटा भी शामिल हुआ, समझौता : इस घटना में बाकियों के साथ पुलिसकर्मी का बेटा भी शामिल था. पुलिसकर्मी आरा में ही पोस्टेड है. मारपीट करने के बाद वह बाइक छोड़कर वहीं पर भाग गया, जिसके बाद लोगों मौके पर पहुंची पुलिस ने बाइक को पहचान लिया. इसके बाद मामले को आपसी सहमति से सलट लिया गया.
पुलिस के सामने ही लात से मारकर गिरा रहे थे बोर्ड: घटना के बाद शहर में विरोध मार्च निकाल रहे लोगों ने काफी देर तक हो हंगामा किया. लोग सुरक्षा की मांग को लेकर डीएम से मिले, लेकिन उनकी मांग पूरा नहीं होने के बाद वे लोग एसपी कार्यालय की ओर निकले. जज कोठी मोड़ के पास डिवाडर के रूप में लगे ट्रैफिक पुलिस के बोर्ड को पुलिसकर्मियों के सामने ही गिरा रहे थे, लेकिन पुलिसकर्मी चुपचाप देखते रहे.
छात्र को डांटने पर शहर में मचा बवाल : छात्र को डांटने के बाद शहर में बवाल मच गया. कोचिंग में मोबाइल से बात कर रहे एक छात्र को डांटने के बाद शहर में घंटों बवाल मचा रहा. नवादा थानाध्यक्ष नेयाज अहमद ने बताया कि रविवार को बीके क्लासेस में पढ़ाई के दौरान एक छात्र मोबाइल पर बात कर रहा था. इस पर कोचिंग के एक शिक्षक द्वारा छात्र की डांट-फटकार लगा दी गयी. इसके बाद छात्र आवेश में आकर कोचिंग से चला गया था. सोमवार की सुबह वह बीएमपी के एक हवलदार के बेटे सहित चार-पांच दोस्तों के साथ कोचिंग पहुंचा और डांट लगाने वाले शिक्षक से भिड़ गया. इसी क्रम में उसके दोस्तों ने संचालक से भी हाथापाई कर दी.
हवलदार के माफी मांगने पर शांत हुआ हंगामा
जानकारी के अनुसार कोचिंग संचालक से मारपीट में एक बीएमपी हवलदार का बेटा भी शामिल था. वह अपने पिता की बाइक से कोचिंग पहुंचा था. बाद में कोचिंग के छात्रों के गुस्से को देख बाइक छोड़कर भाग खड़ा हुआ. बाइक के आधार पर पुलिस उसके पिता तक पहुंच गयी. पुलिस के चंगुल में आते देख हवलदार सकते में आ गया. उसने बेटे की गलती के लिए लिखित तौर पर पुलिस व कोचिंग संचालक से माफी मांगी. साथ ही भविष्य में ऐसी गलती नहीं होने देने का भरोसा दिलाया. इसके बाद दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया.