शहर के बाजार में सीजनल सब्जियों की आवक बढ़ी, तो इनके भाव गिर गये. एक सप्ताह के अंदर ही करीब 25 प्रतिशत सीजनल व लोकल सब्जियों की कीमत में गिरावट आ गयी. हालांकि अब भी पिछले साल से दोगुनी कीमत है. वहीं नयी सब्जियों के भाव चढ़े हुए हैं. ढाई किलो चिकेन के भाव बिक रहा परवल, तो नेनुआ, कटहल, करेली व सहजन भी कम नहीं सब्जी दुकानदारों की मानें तो इस बार सब्जी किसानों की हालत अब भी सामान्य नहीं हुई है. ऐसे में मौसमी सब्जियों की कीमत पिछले साल की तुलना में अभी भी ज्यादा है. वहीं नयी सब्जियों की कीमत बाजार में उतरते ही बहुत टाइट दिख रही है. परवल 300 से 400 रुपये किलो, नेनुआ 80 से 90 रुपये किलो, करेली, भिंडी 120 से 150 रुपये किलो, सहजन 150 रुपये किलो, कटहल 80 से 90 रुपये किलो, कद्दू 30 से 40 रुपये पीस, हरी मिर्च 100 रुपये किलो खुदरा सब्जी मंडी में बिक रहे हैं. दुकानदारों ने बताया कि ठंड होने के कारण नॉनवेज के शौकीन हरी सब्जियों की बजाय चिकेन, मटन व मछली खरीदने लगे हैं. चिकेन 150 रुपये किलो खड़ा बिक रहे हैं. ऐसे में ढाई किलो चिकेन के बराबर एक किलो परवल बिक रहे हैं. सब्जी दुकानदार मुन्ना प्रसाद ने बताया कि बाहर से आने वाली सब्जियों की महंगाई के कई कारण हैं. समय से पहले सब्जियों को उपजाने में उच्च कोटि के बीज से लेकर खाद व कीटनाशक दवा पर विशेष खर्च करना पड़ता है. फिर इसे दूसरे प्रदेशों में भेजने के लिए ट्रांसपोर्टिंग चार्ज से लेकर सुरक्षित माल ढुलाई तक में अधिक खर्च आते हैं. वहीं सीजनल सब्जियां जब बाजार में मांग से अधिक आने लगी, तो उसके भाव पहले से घट गये. यहां से आ रही हैं नयी सब्जियां कटहल असम से, भिंडी सूरत से, करेली, परवल व कद्दू कोलकाता से एवं सहजन जमशेदपुर से आ रही है. वहीं कद्दू आसपास क्षेत्रों से भी आ रहे हैं. सीजनल सब्जियां फूलगोभी, पत्तागोभी, टमाटर, धनिया, मटर, बैगन, सिम दियारा क्षेत्रों एवं लोदीपुर, जीछो-सरधो, मोहनपुर, नसरतखानी आदि से आ रही हैं. सीजनल सब्जियों में विंस व शिमला मिर्च केवल रांची से आ रही हैं. इनके भाव भी गिरे हैं.
bhagalpur news. सीजनल का भाव गिरा, नयी सब्जियां तेवर में
शहर के बाजार में सीजनल सब्जियों की आवक बढ़ी, तो इनके भाव गिर गये. एक सप्ताह के अंदर ही करीब 25 प्रतिशत सीजनल व लोकल सब्जियों की कीमत में गिरावट आ गयी.
