प्राकृतिक आपदाओं और आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए युवाओं को दक्ष बनाने के उद्देश्य से 'युवा आपदा मित्र प्रशिक्षण कार्यक्रम' के तहत भागलपुर से 12 सदस्यीय दल बुधवार को राज्य की राजधानी पटना के लिए रवाना हो गया. भारत स्काउट और गाइड, भागलपुर से चयनित यह टीम डीएलएड महाविद्यालय, बदलूगंज से रवाना हुई.
दल ने जिला प्रशिक्षक (स्काउट) मुकेश कुमार आजाद एवं मोहम्मद पैगाम आलम के संयुक्त नेतृत्व में भागलपुर-दानापुर इंटरसिटी एक्सप्रेस से सुबह 5:25 बजे पटना के लिए प्रस्थान किया.
9 से 15 सितंबर तक चलेगा सघन आवासीय प्रशिक्षण
पटना में 9 सितंबर से आरंभ होकर 15 सितंबर तक चलने वाले इस विशेष प्रशिक्षण शिविर में प्रतिभागियों को आपदा प्रबंधन के आधुनिक तौर-तरीकों का गहन अभ्यास कराया जाएगा.
सात दिवसीय इस सत्र में प्रतिभागियों को बाढ़, भूकंप, अगलगी, वज्रपात और भगदड़ जैसी आकस्मिक आपदाओं के दौरान त्वरित राहत एवं बचाव कार्य (सर्च एंड रेस्क्यू), प्राथमिक उपचार (फर्स्ट एड), स्ट्रेचर मेकिंग तथा जीवनरक्षक तकनीकों की सैद्धांतिक और व्यावहारिक बारीकियां सिखाई जाएंगी.
टीम में 5 रेंजर और 6 रोवर शामिल
भागलपुर जिले का प्रतिनिधित्व कर रहे 12 सदस्यीय दल में दोनों प्रशिक्षकों के अलावा अनुशासित रोवर और रेंजर शामिल हैं:
- प्रशिक्षक दल: मुकेश कुमार आजाद एवं मोहम्मद पैगाम आलम (जिला प्रशिक्षक).
- रोवर दल: कुलदीप यादव, नंदकिशोर, जयदीप कुमार, नंदन कुमार, सौरभ कुमार एवं आदित्य नारायण उपाध्याय.
- रेंजर दल: साक्षी कुमारी, सतरूपा कुमारी, शिवानी कुमारी, आशा कुमारी एवं रेखा कुमारी.
आपदा के समय स्थानीय स्तर पर 'फर्स्ट रिस्पॉन्डर' बनेंगे युवा
भारत स्काउट और गाइड, भागलपुर के जिला प्रशिक्षण आयुक्त (स्काउट) ने बताया कि इस प्रशिक्षण का मूल उद्देश्य युवाओं को जमीनी स्तर पर प्राथमिक संकटमोचक (फर्स्ट रिस्पॉन्डर) के रूप में तैयार करना है.
भागलपुर जिला अक्सर गंगा के कटाव और बाढ़ की विभीषिका से प्रभावित रहता है. ऐसे में यह प्रशिक्षित कैडेट्स अपने-अपने प्रखंडों और पंचायतों में न केवल स्वयं राहत-बचाव अभियान का नेतृत्व करेंगे, बल्कि स्थानीय ग्रामीणों और छात्रों को भी आपदा पूर्व तैयारियों के प्रति जागरूक और प्रशिक्षित करेंगे.
