सूरज जायसवाल हत्याकांड: मुफस्सिल थाना क्षेत्र के लालगढ़ पंचायत के धर्मपुर गांव के समीप 17 वर्षीय सूरज जायसवाल की हत्या के दूसरे दिन मंगलवार को परिजनों और ग्रामीणों का आक्रोश सड़क पर दिखा. हत्यारोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर परिजनों ने सुबह करीब सात बजे धर्मपुर चौक के समीप शव को सड़क पर रखकर बेतिया-सरिसवा मुख्य मार्ग जाम कर दिया. करीब तीन घंटे तक चले जाम के कारण सुबह 10 बजे तक मुख्य मार्ग पर आवागमन प्रभावित रहा. सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गयी.
बंद रहीं चौक की सभी दुकानें
घटना के विरोध में लालगढ़ चौक की सभी दुकानें भी मंगलवार को बंद रहीं. दुकानदारों ने दुकानें बंद रखकर हत्या के विरोध में आक्रोश जताया. प्रदर्शन के दौरान आगजनी कर भी विरोध किया गया. जाम और बाजार बंद रहने से इलाके में तनाव का माहौल बना रहा.
गिरफ्तारी की मांग पर अड़े रहे परिजन, विधायक और पूर्व विधायक पहुंचे
सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया. परिजन हत्या में शामिल सभी आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग पर अड़े रहे. मौके पर पूर्व विधायक उमाकांत सिंह पहुंचे और आक्रोशित परिजनों से बातचीत कर उन्हें समझाने का प्रयास किया. वहीं, चनपटिया विधायक अभिषेक रंजन भी मंगलवार सुबह लालगढ़ चौक पहुंचे. उन्होंने मृतक के परिजनों से मुलाकात कर घटना की जानकारी ली और हर संभव सहयोग का भरोसा दिया. विधायक ने परिजनों से बातचीत कर सड़क जाम समाप्त कराने का प्रयास किया.
दो आरोपी गिरफ्तार, अन्य की तलाश
पुलिस के अनुसार, मामले में अब तक दो आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है. अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है. घटना में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है. मौके पर पुलिस बल तैनात रहा.
सोमवार को हुई थी सूरज की हत्या
विदित हो कि सोमवार दोपहर लालगढ़ पंचायत क्षेत्र में सूरज जायसवाल पर हमला किया गया था. परिजनों के अनुसार, सूरज अपने एक दोस्त के साथ बेतिया जा रहा था. लालगढ़ चौक के समीप कुछ लोगों ने उसे रोककर लोहे की रॉड, बाइक की चेन और मुर्गा काटने वाले दाब से हमला कर दिया. इसमें सूरज की मौत हो गयी, जबकि उसका चचेरा भाई गंभीर रूप से घायल है. देर रात पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया था. मंगलवार सुबह शव सड़क पर रखकर प्रदर्शन किया गया.