Bettiah NEET Protest: NEET पेपर लीक, आंदोलनरत छात्रों पर कथित लाठीचार्ज, मुकदमे और गिरफ्तारियों के विरोध में शुक्रवार को अखिल भारतीय छात्र संघ (AISA) और अखिल भारतीय नौजवान संघ (AIYF) के राज्यव्यापी आह्वान पर बेतिया में प्रतिरोध मार्च निकाला गया. प्रदर्शनकारी शहीद पार्क से मार्च शुरू कर शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए जिला पदाधिकारी कार्यालय पहुंचे, जहां सात सूत्री मांगों का ज्ञापन सौंपा गया.
मार्च के दौरान "शिक्षा बचाओ, भविष्य बचाओ", "पेपर लीक बंद करो", "धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दो" और "गिरफ्तार छात्रों को रिहा करो" जैसे नारे लगाए गए.
छात्र-युवा संगठनों ने किया मार्च का नेतृत्व
प्रतिरोध मार्च का नेतृत्व अखिल भारतीय नौजवान संघ के जिलाध्यक्ष मो. तौफीक अख्तर ने किया.
वहीं अखिल भारतीय छात्र संघ की ओर से जिला उपाध्यक्ष मनोज कुमार शाह समेत बड़ी संख्या में छात्र-युवा कार्यकर्ता शामिल हुए. प्रतिनिधिमंडल में मो. अफजल, गौतम साह, अभिषेक कुमार, नितिन पांडेय, आदित्य आद, सम खान और नवीन कुमार सहित अन्य लोग मौजूद रहे.
प्रदर्शनकारियों ने क्या कहा?
प्रदर्शनकारियों का कहना था कि NEET पेपर लीक से लाखों छात्रों के भविष्य पर असर पड़ा है और परीक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े हुए हैं.
उन्होंने आरोप लगाया कि दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने के बजाय आंदोलन कर रहे छात्रों पर मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं और गिरफ्तारियां की जा रही हैं. ये आरोप प्रदर्शनकारियों की ओर से लगाए गए हैं.
ज्ञापन में रखीं सात प्रमुख मांगें
जिला प्रशासन को सौंपे गए ज्ञापन में प्रदर्शनकारियों ने कई मांगें रखीं, जिनमें प्रमुख हैं—
- केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग.
- NEET पेपर लीक की निष्पक्ष जांच और दोषियों को कड़ी सजा.
- राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) को समाप्त करने की मांग.
- गिरफ्तार छात्रों की रिहाई.
- आंदोलन के दौरान छात्रों पर कथित लाठीचार्ज और गोली चलाने वाले पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई.
- अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की सुरक्षा सुनिश्चित करना.
- सभी रिक्त सरकारी पदों पर शीघ्र बहाली.
सुरक्षा के रहे पुख्ता इंतजाम
प्रतिरोध मार्च के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे. प्रदर्शन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न होने के बाद प्रतिनिधिमंडल ने जिला पदाधिकारी कार्यालय में अपना ज्ञापन सौंपा.
