West Champaran News: पावन श्रावण मास की द्वितीय सोमवारी पर रामनगर के ऐतिहासिक राजशिव मंदिर में आस्था का जनसैलाब उमड़ पड़ा. अहले सुबह मंदिर के पट खुलते ही भगवान भोलेनाथ के जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं की लंबी कतार लग गई. देर शाम तक एक लाख से अधिक शिवभक्तों ने नीलकंठ नर्मदेश्वर महादेव का जलाभिषेक कर परिवार की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की. पूरे दिन मंदिर परिसर हर-हर महादेव और बोल बम के जयघोष से गूंजता रहा.
Ramnagar News: राजशिव मंदिर में उमड़ी एक लाख से अधिक श्रद्धालुओं की भीड़
द्वितीय सोमवारी पर नेपाल, उत्तर प्रदेश और बिहार के विभिन्न हिस्सों से बड़ी संख्या में कांवरिये और श्रद्धालु रामनगर पहुंचे. वाल्मीकिनगर संगम तट से पवित्र जल लेकर पहुंचे शिवभक्तों में विशेष उत्साह देखा गया. महिला, पुरुष, युवक और युवतियां कतारबद्ध होकर बाबा नीलकंठ नर्मदेश्वर महादेव के दर्शन और जलाभिषेक के लिए पहुंचते रहे.
वाल्मीकिनगर संगम से जल लेकर पहुंचे कांवरिये
कांवर लेकर पहुंचे शिवभक्तों ने पवित्र जल से भगवान शिव का अभिषेक किया. श्रद्धालुओं के जयघोष से पूरा रामनगर शिवमय नजर आया. स्थानीय श्रद्धालुओं के साथ सीमावर्ती क्षेत्रों से आए भक्तों की भारी मौजूदगी के कारण मंदिर परिसर में दिनभर उत्सव जैसा माहौल बना रहा.
नगर सभापति प्रतिनिधि ने किया जलाभिषेक
नगर सभापति प्रतिनिधि नागेंद्र साह ने राजशिव मंदिर पहुंचकर विधिवत पूजा-अर्चना और जलाभिषेक किया. उन्होंने कहा कि द्वितीय सोमवारी पर इतनी बड़ी संख्या में भोले भक्तों को देखकर खुशी हुई. उन्होंने बाबा नीलकंठ नर्मदेश्वर महादेव से रामनगरवासियों और सभी श्रद्धालुओं के सुख-शांति, समृद्धि एवं उत्तम स्वास्थ्य की कामना की.
भीड़ नियंत्रण के लिए की गई बैरिकेडिंग
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए भगत सिंह चौक, हिन्द चौक, नेपालीटोला और नरैनापुर रोड में बैरिकेडिंग की गई. बड़े वाहनों के प्रवेश पर भी रोक लगाई गई, ताकि श्रद्धालुओं के आवागमन में परेशानी न हो.
थानाध्यक्ष महेंद्र कुमार के नेतृत्व में पुलिस पदाधिकारी और जवान सुरक्षा व्यवस्था में तैनात रहे. संकीर्तन संघ के कार्यकर्ताओं ने भी श्रद्धालुओं की सेवा और व्यवस्था बनाए रखने में सक्रिय भूमिका निभाई.
मंदिर परिसर में लगा भव्य मेला
द्वितीय सोमवारी के अवसर पर राजशिव मंदिर परिसर में भव्य मेला लगाया गया. राजफील्ड मैदान में बच्चों और श्रद्धालुओं के लिए विभिन्न प्रकार के झूले भी लगाए गए थे. धार्मिक आयोजन के साथ मेले का लोगों ने उत्साहपूर्वक आनंद लिया.
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