Bettiah News: बेतिया. शहर के वार्ड संख्या-5 छावनी निवासी अशोक कुमार की जमीन से जुड़े दस्तावेजों में कथित फर्जीवाड़ा कर 50 लाख रुपये रंगदारी मांगने के मामले में कालीबाग थाने में पांच लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गयी है. प्राथमिकी कोर्ट परिवाद के आधार पर दर्ज की गयी है. पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है.
कालीबाग थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार ने बताया कि मामले में मनुआपुल थाना क्षेत्र के गुरवालिया निवासी लतीफ मियां, सुकट मियां, हदीस मियां, नथुनी मियां और मुस्लिम मियां को आरोपी बनाया गया है. पुलिस आरोपों और जमीन से जुड़े दस्तावेजों की जांच कर रही है. जांच पूरी होने के बाद आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
जमीन के कागजात में फर्जीवाड़े का आरोप
दर्ज प्राथमिकी में अशोक कुमार ने आरोप लगाया है कि आरोपियों ने उनकी जमीन से संबंधित कागजात में कथित तौर पर फर्जीवाड़ा कर जाली दस्तावेज तैयार किये. आरोप है कि इन्हीं दस्तावेजों के आधार पर उनसे 50 लाख रुपये रंगदारी की मांग की जा रही थी.
अशोक कुमार के अनुसार, आरोपियों की ओर से पेश किये गये दस्तावेजों का जब मूल कागजात से मिलान कराया गया तो दोनों में काफी अंतर पाया गया. इसके बाद उन्होंने मामले में कानूनी कार्रवाई की मांग की.
कोर्ट परिवाद के आधार पर दर्ज हुई प्राथमिकी
मामले में कोर्ट परिवाद के आधार पर कालीबाग थाने में प्राथमिकी दर्ज की गयी है. परिवाद में लगाये गये आरोपों के आधार पर पुलिस ने पांच लोगों को आरोपी बनाया है.
प्राथमिकी दर्ज होने के बाद पुलिस जमीन से जुड़े मूल दस्तावेजों और कथित रूप से तैयार किये गये कागजात की जांच कर रही है. पुलिस शिकायत में लगाये गये आरोपों से जुड़े अन्य तथ्यों का भी सत्यापन कर रही है.
दस्तावेजों की जांच में जुटी पुलिस
कालीबाग थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार ने बताया कि पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है. जांच के दौरान जमीन के कागजात और शिकायतकर्ता की ओर से लगाये गये आरोपों की सत्यता की पड़ताल की जाएगी.
पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि कथित जाली दस्तावेज किस तरह तैयार किये गये और उनका इस्तेमाल किस उद्देश्य से किया गया. जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी.
फरार रहने पर कुर्की की होगी कार्रवाई
थानाध्यक्ष ने बताया कि जांच के बाद आरोपियों की गिरफ्तारी की कार्रवाई की जायेगी. उन्होंने कहा कि यदि आरोपी फरार रहते हैं तो उनकी चल-अचल संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई भी की जायेगी.
फिलहाल पुलिस मामले से जुड़े दस्तावेजों और अन्य तथ्यों को जुटा रही है. आरोपों की जांच पूरी होने के बाद ही मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की स्थिति स्पष्ट होगी.
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