बेगूसराय. बिहार सरकार की महत्वाकांक्षी योजना सात निश्चय-3 के अंतर्गत विकसित बिहार के रोडमैप की विस्तृत रूपरेखा कारगिल भवन में प्रस्तुत की गयी. इस मौके पर डीएम श्रीकांत शास्त्री एवं एसपी मनीष सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे. मौके पर डीएम ने सात निश्चय-3 कार्यक्रम के अंतर्गत सबका सम्मान-जीवन आसान के बारे में विस्तार से बताया. उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा आम नागरिकों की सुविधा के लिये प्रत्येक सोमवार एवं शुक्रवार को शिकायत निवारण के लिए पदाधिकारियों से मिलने की व्यवस्था की गयी है. वहीं 80 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों को घर बैठे जमीन या फ्लैट की रजिस्ट्री सुविधा उपलब्ध करायी जायेगी. डीएम ने बताया कि आगामी 19 जनवरी से प्रत्येक सप्ताह के सोमवार और शुक्रवार को ग्राम पंचायत स्तर से लेकर जिला स्तर तक सभी सरकारी कार्यालयों में पदाधिकारी अपने निर्धारित कार्यालय कक्ष में आम नागरिकों से मिलेंगे. इस दौरान नागरिक अपनी समस्याएं एवं शिकायतें सीधे संबंधित पदाधिकारी के समक्ष रख सकेंगे, जिनका त्वरित एवं प्रभावी निराकरण सुनिश्चित किया जायेगा. इस पहल का उद्देश्य सरकारी कार्यालयों में आम नागरिकों को होने वाली असुविधाओं को दूर करना तथा प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक संवेदनशील, पारदर्शी और जवाबदेह बनाना है. उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी अपरिहार्य कारणवश यदि संबंधित पदाधिकारी उपस्थित नहीं रहते हैं, तो उनके द्वारा अधिकृत अन्य पदाधिकारी नागरिकों से मिलने एवं उनकी समस्याओं के समाधान के लिये उपलब्ध रहेंगे.
सभी कार्यालयों में उपलब्ध रहेंगी बुनियादी सुविधाएं
डीएम ने कहा कि सभी कार्यालयों में आगंतुकों के लिये सम्मानजनक बैठने की व्यवस्था, पेयजल एवं शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाएं अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाएंगी, ताकि आम लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो. डीएम ने प्राप्त होने वाली शिकायतों के लिये प्रत्येक कार्यालय में एक विशेष पंजी संधारित करने का भी निर्देश दिया है, जिसमें शिकायतों का विवरण दर्ज किया जायेगा तथा उनके निष्पादन की निरंतर मॉनिटरिंग की जायेगी. संबंधित विभागों के वरीय पदाधिकारियों द्वारा निर्देशों के अनुपालन एवं शिकायतों के समाधान की नियमित समीक्षा की जायेगी.
सबका सम्मान-जीवन आसान कार्यक्रम के तहत समस्याओं का होगा समाधान : एसपी
इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक मनीष ने बताया कि सरकार द्वारा चलाये जा रहे सबका सम्मान-जीवन आसान कार्यक्रम के तहत सभी थानों, अनुमंडल पुलिस कार्यालय एवं पुलिस अधीक्षक के कार्यालय में भी आम जनता से मिलकर उनकी समस्याओं का समाधान किया जायेगा.
सात निश्चय को लेकर दी गयीं महत्वपूर्ण जानकारियां
जिला पदाधिकारी द्वारा सात निश्चय-3 कार्यक्रम के अंतर्गत प्रति व्यक्ति दोगुना रोजगार-दुगुनी आय, समृद्ध उद्योग-सशक्त बिहार, कृषि में प्रगति प्रदेश की समृद्धि, उन्नत शिक्षा-उज्ज्वल भविष्य, मजबूत आधार-आधुनिक विस्तार के बारे में विस्तार से बताया. उन्होंने बताया कि आगामी पांच वर्षों में राज्य के एक करोड़ युवाओं को नौकरी एवं रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे. मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के अंतर्गत महिलाओं को स्वरोजगार के लिये दो लाख रुपये तक की आर्थिक सहायता प्रदान की जायेगी. साथ ही सामाजिक-आर्थिक सर्वेक्षण में चिन्हित 94 लाख गरीब परिवारों को प्राथमिकता के आधार पर विभिन्न योजनाओं का लाभ दिया जायेगा.
बिहार को पूर्वी भारत के एक प्रमुख टेक्नोलॉजी हब के रूप में विकसित करने का लक्ष्य
डीएम ने बताया कि उद्योग एवं निवेश के क्षेत्र में बिहार को पूर्वी भारत के एक प्रमुख टेक्नोलॉजी हब के रूप में विकसित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है. अगले पांच वर्षों में सरकार द्वारा पचास लाख करोड़ रुपये के निजी निवेश को सुनिश्चित किया जायेगा. उन्होंने बताया कि कृषि क्षेत्र में किसानों की आय बढ़ाने के उद्देश्य से चौथे कृषि रोडमैप के कार्यों को गति दी जायेगा. शिक्षा के क्षेत्र में सुधार हेतु राज्य में अलग उच्च शिक्षा विभाग का गठन किया गया है. आधुनिक सुविधाओं से युक्त एक नई एजुकेशन सिटी का निर्माण किया जाएगा तथा पुराने एवं प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थानों को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में विकसित किया जायेगा, जिससे गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा को बढ़ावा मिल सके.
स्वास्थ्य सेवाओं को किया जायेगा विकसित
स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की दिशा में जिला अस्पतालों को सुपर स्पेशलिटी अस्पताल तथा प्रखंड सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को विशिष्ट चिकित्सा केंद्र के रूप में विकसित किया जायेगा. दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों में सेवा देने वाले चिकित्सकों को विशेष प्रोत्साहन दिया जाएगा तथा नए मेडिकल कॉलेजों के निर्माण में निजी भागीदारी को बढ़ावा दिया जायेगा.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
