बेगूसराय के बखरी अनुमंडल क्षेत्र में बदलते मौसम के बीच डेंगू और अन्य मच्छरजनित बीमारियों का खतरा बढ़ने लगा है. इसे देखते हुए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बखरी में डेंगू वार्ड की शुरुआत की गई है. वार्ड शुरू होने से डेंगू से पीड़ित और संदिग्ध मरीजों को अब स्थानीय स्तर पर जांच, उपचार और चिकित्सकीय निगरानी की सुविधा मिल सकेगी. खासकर ग्रामीण क्षेत्रों के मरीजों को इलाज के लिए दूर के अस्पतालों का चक्कर लगाने से राहत मिलने की उम्मीद है.
डेंगू वार्ड का शुभारंभ प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. दीपक कुमार सिंह की उपस्थिति में किया गया. इस दौरान स्वास्थ्यकर्मियों ने डेंगू की रोकथाम, समय पर जांच और मरीजों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने को लेकर चर्चा की. स्वास्थ्य विभाग की ओर से वार्ड में भर्ती होने वाले मरीजों की चिकित्सकीय निगरानी और आवश्यक उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया.
तेज बुखार समेत इन लक्षणों पर होगी जांच
पीएचसी में डेंगू वार्ड शुरू होने के बाद तेज बुखार, सिरदर्द, शरीर और जोड़ों में दर्द, कमजोरी समेत डेंगू के संभावित लक्षण वाले मरीजों की जांच की जाएगी. जरूरत पड़ने पर मरीजों को वार्ड में भर्ती कर चिकित्सकीय निगरानी में उपचार दिया जाएगा.
प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. दीपक कुमार सिंह ने कहा कि डेंगू के लक्षण दिखाई देने पर इसे सामान्य बुखार समझकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. समय पर जांच और चिकित्सकीय सलाह लेना बेहद जरूरी है. उन्होंने लोगों से अपील की कि बीमारी के लक्षण नजर आने पर जल्द से जल्द नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पहुंचें.
घर के आसपास पानी जमा नहीं होने देने की अपील
स्वास्थ्यकर्मियों ने डेंगू से बचाव के लिए साफ-सफाई को सबसे महत्वपूर्ण बताया. लोगों से घर और आसपास पानी जमा नहीं होने देने की अपील की गई. कूलर, गमले, पुराने टायर, डिब्बे और अन्य बर्तनों में जमा पानी को नियमित रूप से साफ करने की सलाह दी गई है. इन जगहों पर पानी जमा रहने से मच्छरों के पनपने की संभावना रहती है.
इसके साथ ही लोगों को मच्छरदानी का इस्तेमाल करने, शरीर को पूरी तरह ढककर रखने और घर के आसपास स्वच्छता बनाए रखने के प्रति जागरूक किया गया. स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से डेंगू के लक्षणों को लेकर सतर्क रहने और बीमारी की आशंका होने पर खुद से दवा लेने के बजाय चिकित्सकीय सलाह लेने की अपील की.
डॉ. पुष्कर ने भी लोगों से डेंगू के संभावित लक्षण दिखाई देने पर किसी तरह की लापरवाही नहीं बरतने की अपील की. उन्होंने कहा कि समय पर जांच और उचित उपचार से बीमारी की गंभीरता को कम किया जा सकता है.
डेंगू वार्ड के शुभारंभ के मौके पर रणधीर कुमार, कमलेश कुमार, अंकुर कुमार, प्रभात कुमार, कंचन किरण, रानी कुमारी, राजकुमार यादव, पिंटू कुमार सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे.
बदलते मौसम और डेंगू के संभावित बढ़ते खतरे के बीच पीएचसी बखरी में अलग वार्ड की शुरुआत क्षेत्र की स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है. स्थानीय स्तर पर जांच, उपचार और चिकित्सकीय निगरानी की सुविधा मिलने से मरीजों और उनके परिजनों को राहत मिलने की उम्मीद है.
