कटोरिया बाजार में चार साल की बेटी संग रातभर भटकती रही महिला, पुलिस की सतर्कता से सुबह पति ले गया घर
Banka News : रात के अंधेरे में चार वर्षीया मासूम बेटी का हाथ थामे एक महिला कटोरिया बाजार की सड़कों पर भटक रही थी. उसकी मानसिक स्थिति सामान्य नहीं थी और वह बार-बार अपना नाम व पता बदलकर बता रही थी. यदि समय रहते पुलिस की नजर उस पर नहीं पड़ती, तो कोई बड़ी अनहोनी भी हो सकती थी. पुलिस की तत्परता और अस्पताल की देखरेख ने मां-बेटी को सुरक्षित उनके परिजनों तक पहुंचा दिया.
कटोरिया (बांका) से दीपक चौधरी की रिपोर्ट
Banka News : कटोरिया बाजार क्षेत्र में मंगलवार की रात एक महिला अपनी चार वर्षीया पुत्री के साथ इधर-उधर भटकती हुई दिखाई दी. महिला की स्थिति को देखते हुए स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी. सूचना मिलते ही थाना की 112 नंबर गश्ती दल मौके पर पहुंची और महिला को अपनी सुरक्षा में लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कटोरिया पहुंचाया. पुलिस अधिकारियों का मानना था कि यदि समय रहते महिला को सुरक्षित स्थान पर नहीं पहुंचाया जाता, तो उसके साथ किसी प्रकार की अप्रिय घटना घट सकती थी. अस्पताल में मेडिकल टीम की निगरानी में मां-बेटी को रखा गया और उनकी पहचान सुनिश्चित करने के लिए प्रयास शुरू किए गए.
भैरोगंज की रहने वाली निकली महिला
जांच के दौरान पता चला कि महिला आनंदपुर थाना क्षेत्र के भैरोगंज गांव निवासी विकास दास की पत्नी सोनी देवी है. उसकी चार वर्षीय पुत्री का नाम पल्लवी है. पुलिस द्वारा विभिन्न माध्यमों से परिजनों तक सूचना पहुंचाई गई. सूचना मिलने के बाद बुधवार सुबह विकास दास सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कटोरिया पहुंचा. उसने अपनी पत्नी और पुत्री की पहचान की तथा आवश्यक औपचारिकताओं के बाद दोनों को अपने साथ घर ले गया. पत्नी और पुत्री के सुरक्षित मिलने के बाद परिजनों ने राहत की सांस ली. स्थानीय लोगों ने भी पुलिस की तत्परता की सराहना की, जिसके कारण मां-बेटी सुरक्षित अपने परिवार तक पहुंच सकीं.
मंगलवार सुबह घर से निकली थी
महिला के पति विकास दास ने बताया कि उसकी पत्नी मंगलवार की सुबह करीब आठ बजे चार वर्षीय पुत्री को लेकर घर से निकल गई थी. इसके बाद परिजन लगातार उसकी खोजबीन कर रहे थे, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिल रही थी. उन्होंने बताया कि सोनी देवी की मानसिक स्थिति पूरी तरह सामान्य नहीं है और उसका इलाज पश्चिम बंगाल के वर्द्धमान में चल रहा है. पति के अनुसार इससे पहले भी वह एक बार घर से चली गई थी और करीब पांच महीने बाद उसका पता चल पाया था. इस घटना के बाद परिवार के लोग लगातार चिंतित थे और उसकी तलाश में जुटे हुए थे.
बार-बार बदल रही थी नाम और पता
कटोरिया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती रहने के दौरान महिला बार-बार अपना नाम और पता बदल-बदल कर बता रही थी. इससे उसकी पहचान स्थापित करने में पुलिस और अस्पताल कर्मियों को काफी परेशानी हुई. हालांकि पुलिस ने धैर्य और सूझबूझ से काम लेते हुए विभिन्न स्तरों पर जानकारी जुटाई. अंततः महिला की पहचान सुनिश्चित हो सकी और उसके परिजनों से संपर्क स्थापित किया गया. सूचना मिलते ही पति अस्पताल पहुंचा और अपनी पत्नी व पुत्री को सुरक्षित घर ले गया. इस पूरी घटना में पुलिस की सक्रियता और संवेदनशीलता के कारण एक परिवार दोबारा मिल सका और संभावित अनहोनी टल गई.