नगर परिषद उपचुनाव को लेकर सियासी पारा तेज, मतदान में 22 दिन शेष

नगर परिषद बांका के मुख्य पार्षद के उपचुनाव में अब 22 दिन शेष रह गये हैं. 28 जून को मतदान होना है.

कुल छह उम्मीदवारों ने भरा है नामांकन पर्चा

बांका. नगर परिषद बांका के मुख्य पार्षद के उपचुनाव में अब 22 दिन शेष रह गये हैं. 28 जून को मतदान होना है. दिन गुजरने के साथ ही यहां का सियासी पारा चढ़ने लगा है. नामांकन की प्रक्रिया समाप्त होने के साथ ही प्रत्याशी अपने-अपने प्रचार में जुट गये हैं. प्रत्याशियों की सतही लड़ाई मैदान पर शुरु हो गयी है. जनसंपर्क के साथ ही मतदाताओं को अपने पक्ष में रिझाने के लिए कवायद तेज कर दी गयी है. एकमुश्त वोटरों को साधने की जुगत बैठायी जा रही है. उपचुनाव के लिए कुल छह उम्मीदवारों ने नामांकन दाखिल किया है, जिसमें पूर्व सभापति संतोष कुमार सिंह, बालमुकुंद सिन्हा, अभिषेक गौरव, मनीष कुमार, शिवलाल हांसदा व अजय कुमार का नाम शामिल है.

सभी छह प्रत्याशी संवीक्षा में रहे हैं सफल

नामांकन प्रक्रिया के बाद संवीक्षा की तिथि 6 से 9 जून तक निर्धारित है. हालांकि 7 जून को बकरीद व 8 जून को रविवार होने के कारण दो दिन सार्वजनिक अवकाश है. 9 जून को अंतिम रूप से संवीक्षा की तिथि निर्धारित है. निर्वाची पदाधिकारी सह एसडीएम राजकुमार ने बताया कि प्रत्याशियों के नामांकन पत्रों की संवीक्षा पूरी कर ली गयी है. सभी प्रत्याशी संवीक्षा में पास हो गये हैं, जिसकी रिपोर्ट बेवसाइट पर अपलोड की जा रही है. 10 से 12 जून तक अभ्यर्थियों के नाम वापसी की अंतिम तिथि है. 13 जून को चुनाव चिन्ह आवंटित कर दिया जायेगा. 28 जून को मतदान एवं 30 जून को मतगणना कार्य संपन्न होगी.

35 हजार मतदाता करेंगे प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला

नगर परिषद चुनाव में 35 हजार मतदाता भाग लेंगे. इसके लिए यहां के 26 वार्डों में कुल 51 मतदान केंद्र बनाये गये हैं. पिछले चुनाव में पदच्युत हुए मुख्य पार्षद अनिल कुमार सिंह विजयी रहे थे, जबकि दूसरे स्थान पर पूर्व मुख्य पार्षद संतोष कुमार सिंह व तीसरे स्थान पर बालमुकुंद सिन्हा काबिज रहे थे. इस बार जनता किसको अपना समर्थन देती है, यह अभी समय के गर्त में है. चुनावी माहौल के बीच जनता की चुप्पी प्रत्याशियों की धड़कन बढ़ा रही है. वैसे देखा जाय तो बांका की राजनीति अमूमन अस्थिर रही है. अविश्वास प्रस्ताव के साथ-साथ मामला कोर्ट तक पहुंचता रहा है. इसलिए इस बार का उपचुनाव कई मायनों में खास नजर आ रहा है. पूर्व सभापति संतोष सिंह पर सबकी नजर टिकी हुई है. उन्हें दो साल पूर्व मामूली अंतर से हुई हार को जीत में बदलने का अवसर प्राप्त हुआ है. यदि, वह पुराने वोट को सुरक्षित रखने के साथ नये मतदाताओं को जोड़ने में सफल होते हैं, तो ही उनकी नैया पार होने की उम्मीद है. चूंकि, बालमुकुंद सिन्हा ने भी विगत चुनाव में तीसरा स्थान प्राप्त किया था. ऐसे में उनकी दावेदारी भी अहम दिख रही है. राजनीति जानकारों की मानें तो ऊंट किसी भी करवट बैठ सकती है. नये युवा उम्मीदवार के रूप में मनीष कुमार मोनू ने नामांकन में अपना पूरा दमखम दिखाया था. इन्होंने भी जीत का दावा किया है. वहीं अभिषेक गौरव, शिवलाल हांसदा और अजय कुमार ने भी अभी से ही अपनी जीत का दावा किया है. नगर परिषद की जनता के बीच इन सभी दावेदारों की खूब चर्चा हो रही है. वहीं इस बार के उपचुनाव में पूर्व मुख्य पार्षद अनिल कुमार सिंह ने चुनाव में हिस्सा नहीं लिया है, लेकिन माना जा रहा है कि उनका जिनको समर्थन प्राप्त होगा, वह चुनाव का टर्निंग प्वाइंट हो सकता है.

इन्होंने किया है नामांकन

संतोष कुमार सिंहअभिषेक गौरवबालमुकुंद सिन्हाशिवलाल हांसदामनीष कुमार मोनूअजय कुमार

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By SHUBHASH BAIDYA

SHUBHASH BAIDYA is a contributor at Prabhat Khabar.

Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >