बांका: रविवार को मुख्यमंत्री के तौर पर नीतीश कुमार के शपथ लेते ही जिले के लोगों के बीच खुशी की लहर दौड़ गयी. जदयू कार्यकर्ताओं द्वारा स्थानीय गांधी चौक पर जम कर अबीर गुलाल उड़ाया गया और मिठाइयां बांटी गयी.
रविवार को यह कयास लगाये जा रहे थे कि नीतीश कुमार के इस मंत्री मंडल में इस जिले से एक अल्पसंख्यक और एक महादलित प्रतिनिधि को मौका मिल सकता है, लेकिन इस जिले से मात्र एक जनप्रतिनिधि विधान पार्षद जावेद इकबाल अंसारी को मौका मिला है. संभावना है कि उनको पुन : पर्यटन मंत्रालय ही मिल सकता है.
जावेद इकबाल अंसारी बांका विधानसभा से लगातार कई बार अपनी किस्मत आजमाते रहे हैं. जनता दल के टिकट से एक बार व राजद की टिकट पर यह यह दो बार विधानसभा पहुंचे. लालू मंत्री मंडल में वह शामिल हो चुके थे. 2010 में राजद के टिकट पर बांका विधानसभा से चुनाव में विजयी होकर विधानसभा पहुंचे थे. एनडीए से अलग होने के बाद जदयू की जब सरकार बन रही थी, तो इन्होंने अपने विधायक पद से इस्तीफा दे दिया था और जदयू में शामिल हुए थे. इसके बाद विधान परिषद में जदयू की टिकट से पहुंचे और इनको पर्यटन मंत्री बनाया गया था. बीते मांझी प्रकरण में इनको मंत्री पद से हटाया गया था.
