दुखद . मंदारहिल ट्रेन से बरामद हुआ
शव की अब तक नहीं हुई पहचान, भागलपुर जीआरपी के पास है शव
बौंसी : भागलपुर-दुमका मंदार हिल सवारी गाड़ी में एक अज्ञात अधेड़ की शव बुधवार को जीआरपी ने बरामद किया है. विडंबना तो यह है कि जीआरपी व बौंसी थाना के चक्कर में आठ घंटे लाश ट्रेन की बोगी में ही पड़ी रही. हालांकि, बाद में भागलपुर जीआरपी थानाध्यक्ष सुधीर सिंह ने बताया कि व्यक्ति की स्वाभाविक मौत है. शिनाख्त नहीं होने की वजह से शव को भागलपुर जीआरपी में रखा गया है. जानकारी के अनुसार सुबह 4:00 बजे सवारी गाड़ी भागलपुर से दुमका के लिए रवाना हुई. करीब 6:15 पर ट्रेन जब महाराणा पहुंची तब किसी यात्री ने गाड़ी की बोगी में लाश की सूचना रेलवे के गार्ड को दी.
जिसके बाद मंदार हिल स्टेशन पहुंचने के बाद ट्रेन को रोककर स्थानीय थाने को इसकी जानकारी दी गयी. पुलिसकर्मी के इंतजार में एक घंटे तक सवारी गाड़ी को मंदार हिल स्टेशन पर रोक कर रखी गयी. थाना के द्वारा मामले में दिलचस्पी नहीं लेने के बाद लाश वाली बोगी को ट्रेन से काटकर अलग कर दिया गया व बाकी बोगी समेत सवारी गाड़ी को दुमका ले जाया गया. इस बीच अज्ञात लाश बोगी में ही पड़ी रही ना तो स्थानीय पुलिस पहुंची व ना ही जीआरपी भागलपुर से कोई पुलिसकर्मी ही आये. दुमका से वापसी में जब ट्रेन 12:10 में मंदार हिल स्टेशन पहुंची तब पुनः उस बोगी को सवारी गाड़ी से जोड़ दिया गया. बताया गया कि जीआरपी द्वारा रेलकर्मी को खबर दी गयी थी लाश को भागलपुर ही ले आयी जाय. इस संबंध में जब बौंसी थानाध्यक्ष परीक्षित पासवान का कहना था कि ट्रेन के अंदर मिले शव की वजह से यह मामला जीआरपी का बनता है. इसलिए यह कार्रवाई जीआरपी को ही करनी है. वहीं दूसरी ओर जीआरपी थानाध्यक्ष सुधीर सिंह ने कहा कि स्थानीय पुलिस लाश को वहां उतारकर अपने कब्जे में रख सकती थी. जिसके बाद भागलपुर जीआरपी से पुलिसकर्मी जाते व शव को ले आते. बहरहाल मामला जो भी हो लेकिन बौंसी थाना व भागलपुर जीआरपी के चक्कर में आठ घंटे तक अज्ञात व्यक्ति का शव ट्रेन की बोगी में पड़ा रहा.
