सुरक्षा बलों को उड़ाने की साजिश नाकाम, बड़ी घटना का अंजाम देने की रची गयी थी नक्सली साजिश प्रतिनिधि, औरंगाबाद कार्यालय. औरंगाबाद जिले के नक्सल प्रभावित मदनपुर के लडुइया जंगल में सुरक्षा बलों को उड़ाने की नक्सली साजिश एक बार फिर विफल हो गयी है. सर्च अभियान पर रहे सुरक्षा बलों ने साजिश को नाकाम करते हुए प्लांट किये गये पांच केन आइइडी को बरामद कर लिया है. पुलिस कार्यालय से दी गयी जानकारी के अनुसार सीआरपीएफ 47 बटालियन, पलामू पुलिस, झारखंड पुलिस, एसटीएफ, बिहार-झारखंड द्वारा संयुक्त रुप से नक्सलियों के खिलाफ अभियान चलाया गया. इस अभियान के तहत लडुइया पहाड़ के शिकारी नाले के समीप सुरक्षा बलों ने नक्सली हरकतों को भांपा और सर्च अभियान शुरू कर दिया. इस क्रम में दो-दो किलो का पांच केन आइइडी बरामद किया गया. हालांकि, बरामद आइइडी को सुरक्षित स्थान पर विस्फोट कर नष्ट कर दिया गया. पुलिस कार्यालय द्वारा बताया गया है कि बरामद आइइडी बेहद विनाशकारी था. आसूचना संकलन के कम में पाया गया कि नक्सलियों द्वारा किसी बड़ी घटना का अंजाम देने के लिए लडुईया पहाड़ के जंगलों में आइइडी को छिपा कर रखा गया था. सूचना के आधार पर एसपी अंबरीश राहुल के निर्देश पर संयुक्त टीम का गठन किया गया. एसटीएफ का नेतृत्व एएसपी रामाकांत प्रसाद ने किया. इसमें एसटीएफ के पुलिस उपाधीक्षक आनंद कुमार शामिल थे. पलामू पुलिस का नेतृत्व सहायक पुलिस अधीक्षक अभियान राकेश सिंह, सीआरपीएफ का नेतृत्व सहायक समादेष्ठा धर्मेन्द्र कुमार ने किया. औरंगाबाद पुलिस की ओर से पुलिस अवर निरीक्षक कन्हैया सिंह, रोहित कुमार आदि शामिल थे. लगभग 10 घंटे तक अभियान चला और अंतत: पुलिस को सफलता मिली. ज्ञात हो कि लडुईया का जंगल नक्सलियों के लिए सेफ जोन माना जाता था. घटना का अंजाम देने के बाद नक्सली उसी जंगल में छिप जाया करते थे. यह भी ज्ञात हो कि हाल के दिनों में उक्त जंगल से भारी मात्रा में आइइडी व नक्सलियों के अन्य सामान बरामद किये गये है.
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