औरंगाबाद/कुटुंबा़
जिले के कुटुंबा थाना क्षेत्र के एरका गांव में अपराधियों ने 12 वर्षीय किशोर की गला रेत कर हत्या कर दी. मृतक की पहचान उक्त गांव निवासी जमींदार पासवान के तीसरे व छोटे पुत्र अंकित के रूप में हुई है. अंकित रविवार की देर शाम करीब आठ बजे से लापता था. बुधवार की सुबह उसका शव एरका सिंचाई कॉलोनी से सटे गांव के समीप बधार से बरामद किया गया है. परिजनों ने बताया कि रविवार की शाम वह एरका कॉलोनी के पास लगने वाले ठेले पर समोसा खाने गया. काफी देर तक जब वह घर लौट कर नहीं आया, तो परिजन उसे ढूंढ़ते हुए वहां पहुंचे पर वह नहीं मिला. इसके बाद उसकी काफी खोजबीन की गयी. सगे-संबंधियों के घर भी लापता किशोर का सुराग नहीं मिला.शौच करने गये युवक ने देखा शव
बुधवार की सुबह गांव के हीं अभय कुमार नामक युवक शौच करने बधार की ओर गया तो ताड़ के पेड़ के नीचे शव दिखा. उसने घटना की जानकारी मृतक के परिजनों को दी. सूचना मिलते के साथ ही काफी संख्या में लोग घटनास्थल पर पहुंच गये. इसके बाद ग्रामीणों ने कुटुंबा थाने की पुलिस को फोन से घटना की जानकारी दी. इधर, किशोर का शव मिलने की सूचना मिलते के साथ ही कुटुंबा थानाध्यक्ष अक्षयवर सिंह दलबल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे तथा शव को कब्जे में लेते हुए पोस्टमार्टम की प्रक्रिया में जुट गये.सड़क पर उभरा आक्रोश, ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन
शव बरामद कर जब पुलिस द्वारा ऑटो में रखकर पोस्टमार्टम के लिए ले जाया जा रहा था. ठीक उसी वक्त ग्रामीण आक्रोशित हो गये. आक्रोशितों ने एरका सिंचाई कॉलोनी के समीप ऑटो को गांव के सामने एनएच 139 पर रोक कर विरोध करना शुरू कर दिया. ऐसे में सड़क जाम हो गया और कुछ दूर तक वाहनों की कतार लग गया. घटना की सूचना पर एसडीपीओ संजय कुमार पांडेय, बीडीओ मनोज कुमार, सीओ चंद्रप्रकाश, नवीनगर थाने के इंस्पेक्टर मनोज पांडेय, अंबा थानाध्यक्ष राहुल राज, सिमरा थानाध्यक्ष आकाश कुमार दलबल के साथ घटनास्थल पर पहुंच गये. अधिकारियों ने आक्रोशितों को समझाने-बुझाने का प्रयास किया. अंतत: आक्रोशित शांत हुए. इसके बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया. परिजनों ने बताया कि किशोर के लापता होने के दूसरे दिन उसकी मां कमला देवी ने पुलिस को लिखित सूचना दी गयी थी.गांव के ही दो लोगों से चल रहा था विवाद
घटना के बाद मृतक की मां ने बताया कि गांव के हीं दो लोगों के साथ पहले से उसका विवाद चल रहा था. उसने विवाद में ही हत्या किये जाने की आशंका जतायी है. मृतक अपने चार भाई-बहनों में सबसे छोटा था. दो भाई व पिता मजदूरी करते है. इधर, घटना की सूचना मिलते ही कुटुंबा के पूर्व विधायक ललन राम, जदयू के जिला महासचिव रामाकांत सिंह एरका गांव पहुंचे और मृतक के परिजनों को सांत्वना देते हुए एसडीपोओ से त्वरित कार्रवाई की मांग की.क्या कहते हैं अधिकारी
एसडीपीओ संजय कुमार पांडेय ने बताया कि परिजनों द्वारा थाना में आवेदन दिया गया है. उसी के आलोक में कार्रवाई की जा रही है. घटना में जो भी शामिल होंगे, उन्हें बख्शा नहीं जायेगा.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
