Aurangabad News : बुकिंग करा कर 7500 लोग नहीं दे पा रहे खाली सिलिंडर
Aurangabad News: एलपीजी आपूर्ति को लेकर जिलाधिकारी की समीक्षा बैठक, होम डिलीवरी और पारदर्शिता पर जोर
औरंगाबाद शहर. डीएम अभिलाषा शर्मा की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट स्थित सभा कक्ष में आइओसीएल, बीपीसीएल एवं एचपीसीएल गैस कंपनियों के सेल्स मैनेजर के साथ एलपीजी की उपलब्धता एवं वितरण व्यवस्था के संबंध में समीक्षा बैठक हुई. बैठक में एलपीजी गैस की उपलब्धता, आपूर्ति एवं वितरण की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की गयी. गैस कंपनियों के प्रतिनिधियों द्वारा अवगत कराया गया कि जिले में घरेलू उपभोक्ताओं के लिए एलपीजी गैस की पर्याप्त उपलब्धता है तथा गैस की आपूर्ति नियमित रूप से की जा रही है. उपभोक्ताओं को गैस सिलिंडर वितरण के समय ओटीपी के माध्यम से सत्यापन उपरांत ही सिलेंडर उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे वितरण प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित हो रही है तथा कालाबाजारी की संभावना न्यूनतम हो गयी है. साथ ही एजेंसियों द्वारा बताया गया कि जिले में लगभग 7500 एलपीजी बुकिंग ऐसे हैं जहां ग्राहक खाली सिलेंडर नहीं दे पा रहे हैं और पैनिक बुकिंग की स्थिति उत्पन्न हो रही है. गौरतलब है कि 25 दिन पहले होने से पहले ही लोगों द्वारा एलपीजी की बुकिंग कर दी जा रही है. डीएम द्वारा सख्त निर्देश दिया गया कि ऐसे ग्राहकों को कड़ी चेतावनी दी जाये, अन्यथा कार्रवाई की जायेगी. जिले में 7030 सिलिंडर की औसतन मांग के मुकाबले 6877 की आपूर्ति की जा रही है. जिला अंतर्गत पेट्रोल पंपों में डीजल व पेट्रोल की आपूर्ति की भी समीक्षा की गयी, जिसे सामान्य पाया गया.
जिन क्षेत्रों में मांग अधिक है, वहां गैस की उपलब्धता सुनिश्चित करें
डीएम द्वारा निर्देश दिया गया कि जीविका दीदी की रसोई, सदर अस्पताल, पुलिस लाइन, सर्किट हाउस, शिक्षण संस्थान सहित अन्य आवश्यक स्थलों पर एलपीजी सिलिंडर की उपलब्धता सुनिश्चित की जाये तथा सभी गैस एजेंसियां शत-प्रतिशत होम डिलिवरी के माध्यम से उपभोक्ताओं को गैस उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें. समीक्षा के क्रम में यह पाया गया कि औरंगाबाद जिले के सवेरा एचपी गैस एजेंसी, आकांक्षा, बालाजी एवं कारगिल गैस एजेंसी में एलपीजी की मांग अपेक्षाकृत अधिक है. इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित गैस एजेंसियों को निर्देश दिया कि जिन क्षेत्रों में मांग अधिक है, वहां गैस की उपलब्धता सुनिश्चित करते हुए होम डिलिवरी की व्यवस्था सुदृढ़ की जाये. डीएम ने एलपीजी सिलिंडर की कालाबाजारी की रोकथाम के संबंध में भी समीक्षा की तथा दोनों अनुमंडल पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि किसी भी परिस्थिति में घरेलू गैस सिलिंडर का उपयोग व्यावसायिक प्रयोजन में नहीं होने दिया जाये तथा इसकी नियमित अनुश्रवण सुनिश्चित किया जाये.
जिले के सभी व्यावसायिक प्रतिष्ठान पीएनजी कनेक्शन लगवाएं
बैठक के दौरान जिले में पीएनजी (पाइप्ड नेचुरल गैस) कनेक्शन की स्थिति की भी समीक्षा की गयी. जानकारी दी गयी कि जिले में अब तक 1647 घरेलू पीएनजी कनेक्शन कार्यरत हैं. इस पर जिलाधिकारी ने पीएनजी के नोडल पदाधिकारी को निर्देश दिया कि लोगों को पीएनजी कनेक्शन के बारे में जागरूक करते हुए अधिक से अधिक घरों में कनेक्शन लगवाना सुनिश्चित करें. पीएनजी नोडल द्वारा बताया गया कि 200 नये घर पीएनजी कनेक्शन के लिए चिह्नित किये गये हैं, जिसमें 20 दिन में कार्य पूर्ण होने की संभावना है. साथ ही जिला प्रशासन द्वारा जिले के सभी व्यावसायिक प्रतिष्ठानों, जैसे होटल, रेस्टोरेंट आदि के संचालकों से अपील की गयी कि वे भी अधिक से अधिक पीएनजी कनेक्शन लगवाएं, ताकि गैस की आपूर्ति आसान और सुचारू रूप से हो सके तथा एलपीजी सिलिंडर पर निर्भरता कम हो. अब तक रामराज्य नगर, श्रीकृष्ण नगर, पीएचईडी कॉलोनी, सत्येंद्र नगर, नागा बिगहा आदि क्षेत्रों में पीएनजी उपलब्ध है. इसके अतिरिक्त शादी एवं अन्य धार्मिक अनुष्ठानों में उपयोग होने वाले कमर्शियल सिलिंडर की उपलब्धता पर भी समीक्षा की गयी. जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि ऐसे कार्यक्रमों के उपरांत खाली कमर्शियल गैस सिलिंडर एजेंसी को लौटा दिया जाये ताकि रीफिल में किसी प्रकार की कठिनाई न आये. बैठक में सदर अनुमंडल पदाधिकारी संतन कुमार सिंह, दाउदनगर अनुमंडल पदाधिकारी अमित राजन, जिला आपूर्ति पदाधिकारी श्वेतांक लाल सहित संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे.