अंबा.
मां सतबहिनी मंदिर परिसर में शुक्रवार को बैठक कर अंबे महोत्सव की तैयारी की समीक्षा की गयी. इस दौरान महोत्सव के कार्यक्रम में स्कूली बच्चों के साथ-साथ स्थानीय कलाकारों को अधिक से अधिक मौका देने का निर्णय लिया गया. इसके साथ ही विभिन्न कार्यक्रम को लेकर बनाये गये प्रभारी से उनके द्वारा की जा रही तैयारी पर चर्चा की गयी. प्रखंड प्रमुख धर्मेंद्र कुमार व बीडीओ मनोज कुमार बारी-बारी से सभी कार्यक्रम के प्रभारी व उनके सहयोगी से तैयारी पर फीडबैक लिया. प्रमुख एवं बीडीओ ने कहा कि आयोजन में सरकारी कमी के साथ-साथ जनप्रतिनिधि एवं स्थानीय समाज सेवाओं का सहयोग जरूरी है सभी के समन्वय से ही कार्यक्रम को बेहतर स्वरूप दिया जा सकता है. चार मार्च को शोभा यात्रा एवं आकर्षक झांकी के साथ महोत्सव का शुभारंभ किया जाना है. आकर्षक झांकी निकालने में अंबा के निजी विद्यालयों के साथ बैठक का समन्वय बनाने के लिए कार्यक्रम के प्रभारी शिक्षक नीरज कुमार पांडेय, विकास कुमार विश्वास व उज्जवल रंजन मिश्रा को जिम्मेवारी दी गयी. उन्होंने बताया कि इसके लिए निजी विद्यालय संचालक के साथ अलग से बैठक आयोजित की जाएगी. पहले दिन झांकी के बाद क्विज, चित्रकला, रंगोली एवं निबंध प्रतियोगिता का आयोजन किया जाएगा. इसके लिए सभी विद्यालय के बच्चों का पहले से निबंध किया जायेगा. इसके लिए शिक्षक विनय कुमार गुप्ता, संतोष कुमार, अली हसन आलम, राहुल रंजन, अवनीश देव चौधरी एवं अनुज कुमार पासवान नामित किए गए हैं. प्रतियोगिता में बेहतर करने वाले बच्चे उद्घाटन सत्र के दौरान पुरस्कृत किए जाएंगे. इसके उपरांत शाम छह बजे से सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति होंगी. जिसमें स्थानीय के साथ-साथ बाहरी कलाकार भी शामिल होंगे. बैठक में सतबहिनी न्यास समिति के सचिव सिद्धेश्वर विद्यार्थी, सीओ चंद्र प्रकाश, पीओ अवधेश कुमार अनिल, श्रम परवर्तन पदाधिकारी रवि रंजन, मंदिर नया समिति के सदस्य मिथिलेश कुमार, शिव शंकर पांडेय, अमित कुमार मालाकार, पद्मेश चरण पांडेय, सुनील कुमार मिश्र, देवराज राम, सरोज देवी, कंचन कुमारी, पूजा कुमारी, प्रभा पांडेय, चंद्रशेखर प्रसाद साहू, अनुज कुमार, युगेश सिंह आदि थे.दूसरे दिन गीत- संगीत व नृत्य की प्रस्तुति, शाम में दीप यज्ञ
महोत्सव के दूसरे दिन पांच मार्च को गजल, भजन, राष्ट्रीय गीत लोकगीत व नृत्य आदि प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएगी. प्रतियोगिता में एकल एवं सामूहिक प्रदर्शन को अलग-अलग शामिल किया गया है. दूसरे दिन कार्यक्रम का प्रारंभ एकल गान प्रतियोगिता से होगा. इसके बाद सामूहिक गान, एकल नृत्य व सामूहिक नृत्य प्रतियोगिता का आयोजन किया जायेगा. प्रतियोगिता में शामिल होने वाले बच्चे शाम में पुरस्कृत किए जाएंगे. इसके उपरांत सतबहिनी मंदिर परिसर में दीप यज्ञ का आयोजन किया गया है तथा शाम छह बजे के बाद से देर रात तक सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति होगी.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
