बम लगाने में माहिर है दारा

पुलिस को मिली राहत, कई बार पुलिस को बना चुका था निशाना औरंगाबाद शहर : औरंगाबाद पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है. ऑपरेशन विश्वास कार्यक्रम से प्रभावित होकर एसपी के समक्ष आत्मसमर्पण करने वाले माओवादी सब जोनल कमांडर दारा यादव उर्फ ददन जी बहुत ही खूंखार था. दारा को बम लगाने में महारत […]

पुलिस को मिली राहत, कई बार पुलिस को बना चुका था निशाना
औरंगाबाद शहर : औरंगाबाद पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है. ऑपरेशन विश्वास कार्यक्रम से प्रभावित होकर एसपी के समक्ष आत्मसमर्पण करने वाले माओवादी सब जोनल कमांडर दारा यादव उर्फ ददन जी बहुत ही खूंखार था.
दारा को बम लगाने में महारत हासिल थी. औरंगाबाद जिले कई थानों में उसके अपराध की फाइलें उसका इंतजार कर रही थीं. पुलिस को अधिक से अधिक क्षति पहुंचाने के लिये कई बार घटनाओं को अंजाम दे चुका था. वर्ष 2009 से लेकर 2016 तक कई नक्सली कांडों में दारा की तलाश पुलिस कर रही थी. उस पर देव थाना में कांड संख्या 120/09, 22/14, 42/14, 50/14, 77/14, 33/16, ढिबरा थाना में 17/09, 24/11, 11/14, 8/15, 1/16, अंबा थाना में 36/09, मदनपुर थाना में 87/14, 15/16, गोह थाना में 140/13 सहित 17 मामले दर्ज हैं. एसपी बाबू राम ने बताया कि अंबा थाना के परता गांव में मोबाइल टावर उड़ाने में भी वह संलिप्त था.
वर्ष 2009 में केताकी-बेढ़ना नहर पुल में आइडी बम लगा कर उड़ाने, 16 दिसंबर 2011 को ढिबरा थाना पर हमला, 7 अप्रैल 2014 को ढिबरा थाना क्षेत्र में बरंडा मोड़ पर आइडी लगा कर एक पदाधिकारी व दो जवान की शहादत की घटना में भी वह शामिल था. इसके अलावे 18 जुलाई को एमबीएल कैंप पर हमला में भी यह वांछित था. इस घटना में कई पुलिस के जवान शहीद हुए थे और 30 पुलिस के अत्याधुनिक हथियार भी लूट लिये थे. देव के गंजोइ कांड में भी वह शामिल था.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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