नाली का पानी गिरने से बरबाद हो रही 50 से अधिक किसानों की फसल
दाउदनगर : खेतों में जलजमाव की समस्या से त्रस्त मौलाबाग वार्ड संख्या-19 के किसानों ने अंतत: जगन मोड़ स्थित नाली को बंद कर दिया है. शहर के अधिकांश हिस्सों के नाली के पानी का निकासी नहीं होने के कारण अब्दुलबारी पथ में जगन मोड़ से लखन मोड़ की ओर सड़क पर बह रहा है. तीन दिनों से यह स्थिति कायम है और जल निकासी की दिशा में नगर पंचायत द्वारा अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है.
फसल होती है बरबाद : गौरतलब है कि जगन मोड़ नाला से होकर शहर के अधिकांश हिस्सों का पानी करीब 50 से भी अधिक किसानों के खेत में जाकर गिरता है. पहले तो खेतों से गुजर कर यह पानी निकल जाया करता था, लेकिन आगे सायफन को बंद कर दिये जाने के बाद अब किसानों के खेतों में ही पानी जमा हो जा रहा है. इससे किसानों के खेतों में लगी धान की फसल बर्बाद हो रही है. किसानों ने कई बार नगर पंचायत के कार्यपालक पदाधिकारी, सीओ समेत अन्य सक्षम पदाधिकारियों का ध्यान इस ओर आकृष्ट कराया.
इसके बावजूद इनकी समस्या का समाधान नहीं हुआ. पिछले दिनों भी किसानों ने कार्यपालक पदाधिकारी और सीओ को आवेदन देकर कहा था कि उनके जीविकोपार्जन का यही एक मात्र साधन है. नाली का पानी खेत में जमा होने के कारण रोपा हुआ धान पानी में डूब गया है. किसानों का कहना है कि नगर पंचायत द्वारा जल निकासी की दिशा में कोई पहल नहीं की गई. इसकी वजह से फसल को बचाने के उद्देश्य से बोरा डाल कर नाला को बंद किया गया, फिर भी खेतों में बहुत पानी जमा है.
हो रही परेशानी : इधर, नाला बंद होने के कारण जगन मोड़ से नाली का पानी तीन दिनों से बीच सड़क पर बह रहा है. पैदल चलने में भी लोगों को परेशानी हो रही है. सड़क पर जमा पानी से दुर्गंध उत्पन्न हो रही है. स्थानीय नागरिकों को परेशानी हो रही है.
