टीकों को सुरक्षित रखने के लिए सिर्फ एक आइस बॉक्स
औरंगाबाद (कोर्ट) : औरंगाबाद सदर अस्पताल में शुरू किया गया जिला टीकाकरण केंद्र में संसाधनों का घोर अभाव है. यह टीकाकरण केंद्र पिछले दो दशक से भी अधिक के समय से रेडक्रॉस सोसाइटी परिसर में चलाया जाता था. यहां सरकार द्वारा दी जाने वाली नि:शुल्क टीका तो मिल ही जाते थे. साथ ही अन्य टीके भी रेडक्रॉस द्वारा बाजार से कम दामों पर मिलते थे.
लेकिन, राजनीतिक कारणों व दबावों की वजह से सिविल सजर्न द्वारा इस केंद्र को रेडक्रॉस के परिसर से हटाते हुए सदर अस्पताल में चालू कराया गया. यहां टीकाकरण केंद्र में मिलने वाले नि:शुल्क टीके को सुरक्षित रखने तक के लिए भी उचित जगह तक नहीं है.
बच्चों को नि:शुल्क लगाये जाने वाले सभी टीकों को सुरक्षित रहने के लिए उसे न्यूनतम दो डिग्री व अधिकतम आठ डिग्री तापमान में रखना पड़ता है. इसके लिए फ्रीजर आदि की जरूरत होती है. पर, इस टीकाकरण केंद्र में फ्रीजर तक की व्यवस्था नहीं की गयी है. स्वास्थ्यकर्मियों के मुताबिक टीका को यदि निर्धारित तापमान में नहीं रखा जाता है, तो वह खराब हो जाता है.
बच्चों को ऐसे टीका लगाने के बाद अभिभावक निश्चिंत तो हो जाते हैं, लेकिन वह खराब टीके अपना बेहतर काम नहीं कर पाता है. ऐसे में बच्चों की जिंदगी के साथ खिलवाड़ भी होता है. हालांकि टीकाकरण केंद्र की महिला स्वास्थ्य कर्मियों ने बताया कि सभी टीके को रेड क्रॉस भवन स्थित फ्रीजर में रखा जाता है. बच्चों को जब देने के लिए टीके की जरूरत होती है तो एक आइस बॉक्स में रख कर रेड क्रॉस भवन से लाया जाता है. यानी कि टीकाकरण केंद्र में टीके को सुरक्षित रखने की एक मात्र सुविधा एक आइस बॉक्स उपलब्ध करायी गयी है. टीकाकरण केंद्र की एएनएम सबिता कुमारी ने बतायी कि जितना संसाधन उपलब्ध कराया गया है. उसी के मुताबिक कार्य किया जा रहा है.
