जवाब देने लगे चापाकल

कुर्था (अरवल) : गरमी की तपिश जैसे-जैसे बढ़ रही है, वैसे-वैसे प्रखंड क्षेत्र के चापाकल भी जवाब देने लगे हैं. हालांकि कई चापाकल तो पीएचइडी विभाग की लापरवाही के कारण बेकार पड़े हैं. इन खराब पड़े चापाकलों में मामूली खराबी है, जिसे विभाग द्वारा दुरुस्त नहीं कराया जा रहा है. इन चापाकलों को लोग मवेशी […]

कुर्था (अरवल) : गरमी की तपिश जैसे-जैसे बढ़ रही है, वैसे-वैसे प्रखंड क्षेत्र के चापाकल भी जवाब देने लगे हैं. हालांकि कई चापाकल तो पीएचइडी विभाग की लापरवाही के कारण बेकार पड़े हैं. इन खराब पड़े चापाकलों में मामूली खराबी है, जिसे विभाग द्वारा दुरुस्त नहीं कराया जा रहा है. इन चापाकलों को लोग मवेशी बांधने के काम में इस्तेमाल कर रहे हैं.
हालांकि पूर्व में विभाग द्वारा गश्ती वाहन चला कर खराब चापाकलों की मरम्मत कराया गया, लेकिन विभागीय अधिकारी द्वारा ध्यान न दिये जाने के कारण कई चापाकल ऐसे ही छोड़ दिये गये, जो बेकार पड़े हैं. ऐसे में लोगों के समक्ष पेयजल की समस्या उत्पन्न होने लगी है.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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