लंबे समय से लंबित ट्रैफिक एवं परिवहन चालानों के बोझ तले दबे वाहन स्वामियों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है. आगामी 12 सितंबर को अररिया व्यवहार न्यायालय परिसर में आयोजित होने वाली 'राष्ट्रीय लोक अदालत' में पात्र लंबित चालानों के त्वरित और पारदर्शी निष्पादन के लिए जिला प्रशासन ने विशेष तैयारियां पूरी कर ली हैं. बिहार सरकार के परिवहन विभाग द्वारा लागू 'एकमुश्त यातायात चालान निपटान योजना-2026' के तहत पात्र मामलों में तय शमन राशि (जुर्माना) पर 50 प्रतिशत तक की विशेष छूट प्रदान की जाएगी.
प्रशासन, विधिक सेवा प्राधिकार और परिवहन विभाग का संयुक्त समन्वय
आयोजन को सफल और सुगम बनाने के लिए जिला प्रशासन, जिला विधिक सेवा प्राधिकार (DLSA), परिवहन विभाग एवं पुलिस प्रशासन आपसी समन्वय से काम कर रहे हैं.
लोक अदालत में भारी भीड़ की संभावना को देखते हुए जिला परिवहन कार्यालय (DTO) में 07 सितंबर से ही पूर्व-पंजीकरण (प्री-रजिस्ट्रेशन) की खिड़की खोली गई है. जिन वाहन स्वामियों ने पहले से पंजीकरण करा लिया है, उनके कागजातों और चालानों का सत्यापन अग्रिम रूप से किया जा रहा है, जिससे उन्हें 12 सितंबर को कतार में लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा.
वहीं, जिला परिवहन पदाधिकारी (DTO) ने स्पष्ट किया कि जो लोग दूर-दराज के ग्रामीण क्षेत्रों से होने के कारण पूर्व-पंजीकरण नहीं करा पाए हैं, वे 12 सितंबर को सीधे व्यवहार न्यायालय परिसर पहुंचकर भी ऑन-द-स्पॉट चालान का निपटारा करा सकते हैं.
90 दिन से पुराने चालानों पर फोकस, मोबाइल पर भेजे जा रहे SMS
परिवहन विभाग विशेष रूप से उन चालानों के निस्तारण पर जोर दे रहा है जो 90 दिनों से अधिक समय से लंबित पड़े हैं:
- ऐसे सभी वाहन स्वामियों के पंजीकृत मोबाइल नंबरों पर टेक्स्ट मैसेज (SMS) भेजकर लोक अदालत में छूट का लाभ लेने के लिए आमंत्रित किया जा रहा है.
- न्यायालय परिसर में ट्रैफिक पुलिस चालान और डीटीओ परिवहन चालान के लिए अलग-अलग सुव्यवस्थित काउंटर स्थापित किए जा रहे हैं.
- कैशलेस सुविधा को बढ़ावा देते हुए इस बार चालान भुगतान के लिए ऑनलाइन बैंकिंग और यूपीआई (UPI) क्यूआर कोड स्कैनर की विशेष व्यवस्था रहेगी, साथ ही तकनीकी सहायता के लिए आईटी कर्मियों की तैनाती की जा रही है.
डीएम विनोद दुहन की वाहन स्वामियों से खास अपील
अररिया के जिलाधिकारी विनोद दुहन ने जिले के सभी वाहन स्वामियों से इस मौके का अधिक से अधिक लाभ उठाने का आह्वान किया है.
डीएम ने कहा कि सरकार की एकमुश्त निपटान योजना का मुख्य उद्देश्य नागरिकों को कानूनी विवादों, अदालती नोटिसों और भारी-भरकम जुर्माने के आर्थिक बोझ से मुक्त कर एक सरल और पारदर्शी मंच प्रदान करना है. उन्होंने वाहन चालकों से अपील की कि वे अंतिम समय की आपाधापी से बचने के लिए समय से न्यायालय परिसर पहुंचें और अपने लंबित चालानों को आधा जुर्माना भरकर हमेशा के लिए खत्म कराएं.
