भरगामा (अररिया) से राष्ट्र भूषण पिंटू की रिपोर्ट
Bhargama Police: बिहार के अररिया जिला अंतर्गत भरगामा थाना पुलिस ने समाज में कानून व्यवस्था बिगाड़ने और आपसी रंजिश में हिंसक वारदात को अंजाम देने वाले तत्वों के खिलाफ कड़ा रुख अख्तियार कर लिया है. नया भरगामा गांव में बीते दिनों पुरानी दुश्मनी को लेकर एक दलित व्यक्ति के साथ हुई मारपीट और अभद्र व्यवहार के मामले में पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए एक मुख्य नामजद अभियुक्त को दबोच लिया है. गिरफ्तार आरोपी की पहचान मो. मजीद के रूप में हुई है. पुलिस ने कागजी प्रक्रिया पूरी करने के बाद रविवार को आरोपी को अररिया व्यवहार न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है.
दरवाजे पर आराम कर रहे पीड़ित पर हमला; लाठी-डंडों से पीटने का आरोप
- पीड़ित की आपबीती: घटना को लेकर पीड़ित उपेंद्र राम (पिता- स्वर्गीय फूसन राम, निवासी नया भरगामा, वार्ड संख्या-9) ने भरगामा थाने में लिखित आवेदन देकर न्याय की गुहार लगाई थी. पीड़ित ने बताया कि वह अपने घर के मुख्य दरवाजे पर बैठकर आराम कर रहे थे.
- पांच हमलावरों ने घेरा: इसी दौरान पुरानी रंजिश को पाल रहे पांच लोग लाठी-डंडों से लैस होकर एक राय होकर उनके दरवाजे पर धमक पड़े. आरोपियों ने पीड़ित के साथ पहले जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए घोर अभद्र व्यवहार और गाली-गलौज की.
- जान से मारने की धमकी: जब पीड़ित उपेंद्र राम ने इस दुर्व्यवहार का कड़ा विरोध किया, तो आरोपियों ने उन पर लाठी-डंडों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया, जिससे वे चोटिल हो गए. भागते समय आरोपियों ने उन्हें दोबारा विरोध करने पर जान से मारने की कड़क धमकी भी दी.
गुप्त सूचना पर पुलिस की छापेमारी; दबोचा गया मुख्य अभियुक्त
सशस्त्र बल के साथ दबिश: पीड़ित के आवेदन को गंभीरता से लेते हुए भरगामा पुलिस ने एससी-एसटी एक्ट (SC/ST Act) और मारपीट की सुसंगत धाराओं के तहत तुरंत प्राथमिकी (FIR) दर्ज की. थानाध्यक्ष के निर्देश पर मामले के अनुसंधानकर्ता ने घटना की गहन वैज्ञानिक जांच शुरू की, जिसमें आरोपियों के खिलाफ आरोप सत्य पाए गए.
इसके बाद रविवार को थानाध्यक्ष को गुप्त सूचना मिली कि मामले का एक मुख्य नामजद आरोपी अपने ठिकाने पर छिपा हुआ है. सूचना मिलते ही सब-इंस्पेक्टर (SI) गुड्डू कुमार, एसआई नितेश सिंह और सशस्त्र बल के जवानों की एक विशेष टीम ने नया भरगामा वार्ड संख्या-10 में छापेमारी कर नामजद अभियुक्त मो. मजीद (पिता- मो. सिद्दिक उर्फ मटरू) को घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया.
थानाध्यक्ष की सख्त चेतावनी:
मामले की पुष्टि करते हुए भरगामा के वर्तमान थानाध्यक्ष राजेश कुमार ने बताया कि पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक नामजद आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है. वारदात में शामिल अन्य चार फरार आरोपितों की भूमिका की भी कड़ाई से जांच की जा रही है और उनके संभावित ठिकानों पर पुलिस लगातार दबिश दे रही है. थानाध्यक्ष ने दो टूक शब्दों में कहा कि क्षेत्र में किसी भी सूरत में कानून-व्यवस्था को हाथ में लेने की इजाजत किसी को नहीं दी जाएगी. अपराधियों और समाज में अशांति फैलाने वालों के विरुद्ध भरगामा पुलिस का कड़ा अभियान लगातार जारी रहेगा.
