अररिया जिले के जोकीहाट प्रखंड अंतर्गत उच्च विद्यालय महलगांव में सोमवार को महलगांव थाना पुलिस की ओर से मानव तस्करी और बाल सुरक्षा विषय पर एक दिवसीय जागरूकता एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया. कार्यक्रम का उद्देश्य छात्र-छात्राओं को मानव तस्करी के तरीकों, उससे जुड़े खतरों और बचाव के उपायों की जानकारी देना था.
मानव तस्करों के झांसे से बचने की दी सलाह
कार्यक्रम में महलगांव थाना की एसआई रोमा कुमारी और एसआई सुमित कुमार ने छात्र-छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि मानव तस्कर अक्सर नौकरी, शादी, पढ़ाई या बेहतर भविष्य का झांसा देकर लोगों को अपने जाल में फंसाते हैं. उन्होंने विद्यार्थियों से किसी भी अनजान व्यक्ति के बहकावे में नहीं आने और संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को देने की अपील की.
ऑनलाइन और ऑफलाइन अपराधों के प्रति किया जागरूक
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि जागरूकता ही मानव तस्करी जैसी गंभीर सामाजिक समस्या से बचाव का सबसे प्रभावी माध्यम है. छात्रों को ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से होने वाले अपराधों के प्रति सतर्क रहने की जानकारी दी गई. साथ ही सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग और व्यक्तिगत जानकारी साझा करने में सावधानी बरतने की सलाह भी दी गई.
हेल्पलाइन नंबरों की दी जानकारी
कार्यक्रम के दौरान छात्राओं को महिला हेल्पलाइन 181, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 तथा आपातकालीन सेवा 112 के बारे में जानकारी दी गई. अधिकारियों ने बताया कि किसी भी संकट या संदिग्ध परिस्थिति में इन नंबरों पर तुरंत संपर्क किया जा सकता है.
छात्रों ने पूछे सवाल, पुलिस ने दिए जवाब
कार्यक्रम में विद्यालय के छात्र-छात्राओं के साथ शिक्षक-शिक्षिकाएं भी मौजूद रहीं. विद्यार्थियों ने मानव तस्करी से जुड़े कई सवाल पूछे, जिनका पुलिस अधिकारियों ने विस्तार से जवाब दिया. पुलिस ने अभिभावकों और आम लोगों से भी बच्चों की सुरक्षा को लेकर सतर्क रहने तथा समाज में जागरूकता फैलाने की अपील की.
सतर्क समाज से ही रुकेगी मानव तस्करी
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि जोकीहाट क्षेत्र में गरीबी और अशिक्षा का फायदा उठाकर मानव तस्कर सक्रिय होने की कोशिश करते हैं. ऐसे में बच्चों की सुरक्षा केवल पुलिस ही नहीं, बल्कि पूरे समाज की जिम्मेदारी है. जागरूकता और समय पर सूचना देकर ऐसी घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाई जा सकती है.
