जिलाधिकारी के कड़े निर्देश पर बुधवार को अररिया जिला मुख्यालय स्थित विभिन्न दवा दुकानों में प्रशासनिक टीम द्वारा व्यापक छापेमारी अभियान चलाया गया. इस अभियान के दौरान अधिकारियों की संयुक्त टीम ने शहर के प्रमुख व्यावसायिक इलाकों में संचालित करीब दस दवा दुकानों की गहन जांच की. अचानक हुई इस प्रशासनिक कार्रवाई से दवा व्यवसायियों में हड़कंप का माहौल रहा.
छापेमारी दल में शामिल रहे कई अधिकारी
छापेमारी टीम में ड्रग इंस्पेक्टर शिवनंदन कुमार, राजस्व अधिकारी शंभु कुमार, नगर थाना के एसआई राम लखन चौधरी और सुरेश राम सहित महिला व पुरुष पुलिस बल के जवान शामिल थे.
अधिकारियों की टीम ने मारवाड़ी पट्टी, नवरतन चौक और अररिया जीरो माइल समेत अन्य प्रमुख स्थानों पर पहुंचकर एक-एक कर दुकानों का निरीक्षण किया.
लाइसेंस, स्टॉक और दवाओं के रखरखाव की हुई जांच
जांच के दौरान अधिकारियों ने दुकान संचालकों से लाइसेंस, स्टॉक रजिस्टर, क्रय-विक्रय (Sale-Purchase) से संबंधित अभिलेखों व अन्य आवश्यक दस्तावेजों की बारीकी से जांच की.
इसके अलावा दुकानों में औषधि भंडारण (Storage) की व्यवस्था, सरकारी नियमों के अनुपालन और कागजातों की उपलब्धता का सत्यापन भी किया गया. अधिकारियों ने संचालकों को दवा बिक्री से जुड़े सभी नियमों का शत-प्रतिशत पालन करने की सख्त हिदायत दी.
पारदर्शिता लाने के उद्देश्य से जारी रहेगा अभियान
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, यह कार्रवाई दवा कारोबार में पारदर्शिता सुनिश्चित करने और नियमों के उल्लंघन पर प्रभावी नियंत्रण लगाने के उद्देश्य से की गई है. जांच के दौरान फिलहाल किसी बड़े उल्लंघन का मामला सामने नहीं आया है.
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि बिना वैध दस्तावेजों और नियमों के विपरीत संचालित होने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और यह जांच अभियान आगे भी जारी रहेगा.
