अररिया : अररिया-गलगलिया नई रेल लाइन परियोजना के तहत जिला मुख्यालय से सटे बैजनाथपुर व हृदयपुर में अधिग्रहित भूमि मंगलवार को कार्यकारी एजेंसी एनएफ रेलवे को सौंप दिया गया. मालूम हो कि परियोजना का कार्य शीघ्र पूरा कराने के लिये जिला प्रशासन प्रयासरत है.
प्रस्तावित रेल लाइन के निर्माण के लिये अधिग्रहित भूमि का मुआवजा जमीन मालिकों को यथाशीघ्र उपलब्ध कराने का प्रयत्न किया जा रहा है. ताकि रेल लाइन निर्माण के लिये कार्यकारी एजेंसी को भूमि यथाशीघ्र उपलब्ध कराया जा सके. इस क्रम में बैजनाथपुर व हृदयपुर गांव की अधिग्रहित जमीन मंगलवार को कार्यकारी एजेंसी एनएफ रेलवे कटिहार को सौंप दिया गया.
एडीपीआरओ के हवाले से मिली जानकारी अनुसार इन गांवों के 60 प्रतिशत रयैतों के मुआवजा का भुगतान भी कर दिया गया है. रेल लाइन निर्माण के लिये इन दोनों गांव की कुल 37.51 एकड़ भूमि एनएफ रेलवे कटिहार को दिया गया है. अररिया-गलगलिया रेल लाइन के निर्माण के लिये भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया दिसंबर 2018 से जारी है. अररिया-गलगलिया रेल परियोजना के निर्माण के लिए कुल 37 गांवों के 660 एकड़ भूमि को अधिग्रहित किया जाना है.
इसकी जानकारी देते हुए जिला भू-अर्जन पदाधिकारी ने कहा कि अररिया-गलगलिया रेल परियोजना के निर्माण के लिए जिला प्रशासन त्वरित कार्रवाई कर रहा है. जिला पदाधिकारी श्री बैद्यनाथ यादव द्वारा हाल ही में रयैतों को अधिग्रहित भूमि के मुआवजा का चेक हस्तगत कराया गया था.
जानकारी अनुसार पांच नवंबर 2018 को अररिया-गलगलिया रेल लाईन परियोजना के लिये भूमि अधिग्रहण की अधिसूचना जारी की गयी थी. साथ ही इसे लेकर दिसंबर 2018 में गजट प्रकाशित किया गया था. भारत सरकार द्वारा अररिया-गलगलिया रेल लाईन का निर्माण कार्य पूर्ण होने के बाद अररिया व किशनगंज के लोगों को यातायता की सुगम सुविधा उपलब्ध हो सकेगी.
