शहर को रोशन करने की इइएसएल ने ली थी जिम्मेदारी, एकरारनामे के 10 माह बाद भी नहीं लगी एक भी स्ट्रीट लाइट
मृगेंद्र मणि सिंह, अररिया : नगर विकास विभाग बिहार के 12 नगर निगम व 46 नगर परिषद में नगर विकास विभाग द्वारा स्ट्रीट लाइट लगाने की जिम्मेदारी इइएसएल को सौंपी गयी थी. साथ ही यह भी सख्त हिदायत दी गयी थी कि कोई भी नगर निकाय स्ट्रीट लाइट के लिए निविदा या फिर अन्य प्रक्रियाओं […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
मृगेंद्र मणि सिंह, अररिया : नगर विकास विभाग बिहार के 12 नगर निगम व 46 नगर परिषद में नगर विकास विभाग द्वारा स्ट्रीट लाइट लगाने की जिम्मेदारी इइएसएल को सौंपी गयी थी. साथ ही यह भी सख्त हिदायत दी गयी थी कि कोई भी नगर निकाय स्ट्रीट लाइट के लिए निविदा या फिर अन्य प्रक्रियाओं का इस्तेमाल नहीं करेगा.
यह भी कहा था कि एक रुपये भी स्ट्रीट लाइट मद में खर्च करने पर यह उक्त नगर निकाय के लिए परेशानी का सबब बन सकता है. बहरहाल यह एकरारनामा नगर विकास विभाग के मंत्री व प्रधान सचिव के मौजूदगी में फरवरी 2018 में नगर परिषद के मुख्य पार्षद व कार्यपालक पदाधिकारी से पटना में एक कार्यक्रम आयोजित कर किया गया था.
उक्त कार्यक्रम में उक्त एजेंसी ने कई दावे भी किये थे. यहां तक कहा था कि वे तीन माह में सभी शहरों में स्ट्रीट लाइट लगाने की बात कही थी. बहरहाल 10 माह बीत गये लेकिन अब तक एक भी स्ट्रीट लाइट नहीं लगायी जा सकी है.
जबकि नगर विकास विभाग के मनाही के बाद नगर परिषद भी स्ट्रीट लाइट लगाये जाने के लिए इइएसएल का इंतजार कर रहा है. हालांकि नप बोर्ड ने तत्कालीन कार्यपालक पदाधिकारी महेश्वर प्रसाद सिन्हा के कार्यकाल में बोर्ड ने यह निर्णय लिया था कि इइएसएल का एकरारनामा निरस्त कर शहर में स्ट्रीट लाइट लगाने की जिम्मेदारी खुद नप उठाये. ऐसा भी कुछ नहीं हो पाया.
अप्रैल से शुरू होगा लाइट लगाने का कार्य, एक माह में होगा पूरा : आरएम
इधर इस संबंध में इइएसएल के आरएम राकेश प्रताप यादव से दूरभाष पर मिली जानकारी के अनुसार उन्हें पूरे बिहार के 12 नगर निगम व 46 नगर परिषद में पहले चरण में 03 लाख स्ट्रीट लाइट लगाया जाना है. इसमें से अब तक 1 लाख 80 हजार के लगभग स्ट्रीट लाइट लगाये जा चुके हैं. अभी 08 नगर निगम में स्ट्रीट लाइट लगा दिये गये हैं.
04 नगर निगम में कार्य प्रगति पर है. साथ ही 46 नगर परिषद में से 24-25 नगर परिषद में कार्य प्रगति पर है. उन्होंने बताया कि अररिया नगर परिषद में पहले चरण में कराये गये सर्वे में 06 हजार स्ट्रीट लाइट की आवश्यकता जाहिर की गयी थी. लेकिन वहां पर लगभग साढे चार से 05 हजार स्ट्रीट लाइट लगाये जायेंगे. जिन्हें अप्रैल में शुरू कर मई 2019 में समाप्त कर लिया जायेगा. बताया कि उन्हें दो वर्ष में स्ट्रीट लाइट लगाने की जिम्मेदारी मिली है. जिन्हें वे हर हाल में पूरा कर लेंगे. अभी भी उनके पास 12-14 माह का समय शेष है.
पांच साल का है एकरारनामा : मुख्य पार्षद
इधर इस संबंध में पूछे जाने पर मुख्य पार्षद रितेश कुमार राय ने बताया कि जब से नगर विकास विभाग द्वारा इइएसएल से एकरारनामा कराया गया. तब से अब तक एलइडी बल्ब छोड़कर एक भी स्ट्रीट लाइट नहीं लगाया गया. कई दफे इइएसएल से अधिकारियों से बात हुई है. लेकिन अब तक कार्य नहीं शुरू किया गया है. जबकि आस-पास के जिलों में काम हो रहा है. इससे वे भी काफी हताशा में हैं. बताया कि इइएसएल को स्ट्रीट लाइट लगाने के बाद 05 सालों तक रख-रखाव भी करना है.