Lemongrass Farming बिहार के किसान बंजर भूमि में अफीम की खेती छोड़ इस पौधे की कर रहे खेती, कमा रहे लाखों रुपये

lemongrass farming बिहार के गया के डीएम ने लेमनग्रास आधारित उत्पादों के निर्माण पर जोर देते हुए कहा है कि इसके लिए महिलाओं को प्रशिक्षण दिया जायेगा. इसकी खेती को दवा के रूप में विकसित विकसित किया जायेगा.

Lemongrass farming News. बिहार के गया में डीएम की पहल पर कृषि विभाग ने लेमनग्रास खेती का विस्तार करने की योजना बनायी है. बाराचट्टी में लेमनग्रास की खेती अफीम उन्मूलन के लिए प्रारंभ की गयी थी. वहीं, बांकेबाजार की कृषि योग्य बंजर भूमि से कुछ आय प्राप्त करने के उद्देश्य से फसल का ट्रायल किया गया. यह दोनों प्रखंडों में उद्देश्य में सफल हो रहा है. बाराचट्टी की जयगीर पंचायत में लेमनग्रास की खेती अफीम से ज्यादा लाभप्रद साबित हुई है. जयगीर में अब कोई भी व्यक्ति अफीम की खेती नहीं करते हैं. बांकेबाजार के बेला गांव में बंजर भूमि में कभी कोई फसल नहीं होती थी. इस बंजर भूमि में आज लेमनग्रास की खेती लहलहा रही है और किसान अच्छा आय प्राप्त कर रहे हैं. उदय प्रसाद समेत आठ व्यक्तियों की निजी भूमि बिल्कुल बंजर थी, वह अब आय दे रही है. जिले में 3237 हेक्टेयर कृषि योग्य बंजर भूमि है. इस भूमि पर लेमनग्रास की खेती कराने का लक्ष्य है. ऐसी ही बंजर भूमि गुरुआ प्रखंड के बलौटी में है. यहां भी किसानों ने 20 एकड़ के एक कल्स्टर में लेमनग्रास लगायी है.

गया लेमनग्रास के हब के रूप में होगा विकसित

लेमनग्रास तेल की घरेलू व अंतरराष्ट्रीय बाजार में भारी मांग है. लेमनग्रास तेल में बहुत सारे शक्तिशाली औषधीय गुण पाये जाते हैं. इसको लगाने से हमारी त्वचा को बहुत फायदा मिलता है. लेमनग्रास तेल देखने में चमकीला व हल्के पीले रंग का होता है. लेमनग्रास तेल में एंटी ऑक्सीडेंट, एंटीइंफ्लेमेट्री व एंटीफंगल आदि अनेक औषधीय गुणों का भंडार होता है. इसका उपयोग कर शरीर से तनाव, सुजन, स्ट्रेस, डिप्रेशन, दर्द आदि को कम किया जा सकता है. लेमनग्रास तेल में 70% से अधिक सिट्राॅल पाया जाता है. इस सिट्राॅल से विटामिन ए बनता है. लेमनग्रास तेल विभिन्न काॅस्मेटिक उत्पाद, सैनेटाइजर, फिनाइल, टाॅयलेट क्लीनर व काॅस्मेटिक साबुन, टेलकम पाउडर, फेश पाउडर, क्रीम आदि बनाये जाते हैं.

बांकेबाजार की महिलाएं होंगी प्रशिक्षित

डीएम त्यागराजन ने बताया कि आत्मा, गया के माध्यम से बांकेबाजार इलाके की महिलाओं को शीघ्र ही लेमनग्रास आधारित उत्पादों विशेषकर फिनाइल, सैनेटाइजर व काॅस्मेटिक साबुन निर्माण पर प्रशिक्षण दिया जायेगा.

लेमनग्रास में पाये जाने वाले पोषक तत्वों की मात्रा

प्रति 100 ग्राम लेमनग्रास में निम्न प्रकार से पोषक तत्व पाये जाते हैं.

पानी 70.58 ग्राम

ऊर्जा 99 कैलोरी

प्रोटीन 1.82 ग्राम

फैट 0.49 ग्राम

कार्बोहाइड्रेट 25.31 ग्राम

कैल्शियम 65 मिलीग्राम

आयरन 8.17 मिलीग्राम

मैग्नीशियम 60 मिलीग्राम

फास्फोरस 101 मिलीग्राम

पोटैशियम 723 मिलीग्राम

सोडियम 6 मिलीग्राम

जिंक 2.23 मिलीग्राम

कॉपर 0.266 मिलीग्राम

मैंगनीज 5.224 मिलीग्राम

सिलेनियम 0.7 माइक्रोग्राम

विटामिन सी 2.6 मिलीग्राम

थियामिन 0.065 मिलीग्राम

राइबोफ्लेविन 0.135 मिलीग्राम

नियासिन 1.101 मिलीग्राम

पैंटोथैनिक एसिड 0.050 मिलीग्राम

विटामिन बी-6 0.080 मिलीग्राम

फोलेट डीएफइ 75 माइक्रोग्राम

विटामिन एआइयू 6 आइयू

फैटी एसिड टोटल सैचुरेटेड 0.119 ग्राम

फैटी एसिड टोटल मोनोअनसैचुरेटेड 0.054 ग्राम

फैटी एसिड टोटल पॉलीअनसैचुरेटेड 0.170 ग्राम

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By RajeshKumar Ojha

Senior Journalist with more than 20 years of experience in reporting for Print & Digital.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >