Thomas Tuchel: इंग्लैंड के कप्तान हैरी केन का कहना है कि उनकी टीम अभी और बेहतर खेल सकती है. उनका मानना है कि विश्व कप जीतने के लिए टीम को अपने प्रदर्शन को और ऊंचे स्तर पर ले जाना होगा. इंग्लैंड ने शनिवार को एक रोमांचक मैच में नॉर्वे को 2-1 से हराकर सेमीफाइनल में प्रवेश किया है. अब बुधवार को अटलांटा में उनका मुकाबला अर्जेंटीना से होगा. हालांकि जीत के बावजूद इंग्लैंड के मुख्य कोच थॉमस टुचेल टीम के प्रदर्शन से संतुष्ट नजर नहीं आए. उन्होंने मैच के बाद खिलाड़ियों की तकनीकी गलतियों और धीमे खेल पर खुलकर नाराजगी जताई.
जीत के बाद भी असंतुष्ट कोच टुचेल
नॉर्वे के खिलाफ जीत मिलने के बावजूद कोच टुचेल अपनी टीम के प्रदर्शन से बिल्कुल भी संतुष्ट नहीं दिखे. उन्होंने साफ तौर पर कहा कि इस जीत में टीम को थोड़ी किस्मत का भी साथ मिला है. कोच ने खिलाड़ियों के खेल को "लापरवाह" करार देते हुए उन पर तकनीकी गलतियां करने और खेल की गति को काफी धीमा रखने का आरोप लगाया. उन्होंने यह भी माना कि टीम विपक्षी खिलाड़ी पर लगातार दबाव बनाने में असफल रही. कुल मिलाकर, कोच का मानना है कि इंग्लैंड की टीम अपनी वास्तविक क्षमता के अनुरूप फुटबॉल नहीं खेल पाई है और उन्हें आगे के मैचों के लिए अपनी खेल शैली में काफी सुधार करने की जरूरत है.
कोच की उम्मीदों पर खरा उतरने की कोशिश
32 वर्षीय हैरी केन ने कोच की आलोचना को सकारात्मक तरीके से लिया. उन्होंने कहा कि टुचेल रोज ट्रेनिंग सेशन में खिलाड़ियों की गुणवत्ता और टीम की क्षमता देखते हैं, इसलिए उनकी अपेक्षाएं भी उसी स्तर की हैं. केन ने कहा, "जब कोच हमें ट्रेनिंग में खेलते हुए देखते हैं, खिलाड़ियों के बीच तालमेल, हमारे अटैक, एक-के-बनाम-एक मुकाबलों और तकनीकी कौशल को देखते हैं, तो वह चाहते हैं कि वही प्रदर्शन मैच में भी दिखाई दे." उन्होंने यह भी माना कि अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में यह इतना आसान नहीं होता क्योंकि सामने भी मजबूत और उच्च स्तरीय टीमें होती हैं.
इंग्लैंड के कप्तान का बड़ा बयान
इंग्लैंड के कप्तान ने स्वीकार किया कि टीम ने अब तक कुछ मौकों पर शानदार खेल जरूर दिखाया है, लेकिन पूरे मैच में लगातार उसी स्तर को बनाए नहीं रखा. केन ने कहा, "हम जानते हैं कि हमारे पास अभी एक और स्तर का प्रदर्शन बाकी है. हमने उसकी झलक जरूर दिखाई है, खासकर नॉर्वे के खिलाफ कुछ समय के लिए, लेकिन पूरे मैच पर वैसा नियंत्रण नहीं बना सके जैसा हम चाहते थे." उन्होंने कहा कि टीम लगातार सुधार की दिशा में काम कर रही है और आने वाले मुकाबलों में बेहतर प्रदर्शन करने का लक्ष्य रखती है.
अर्जेंटीना के खिलाफ होगी सबसे बड़ी परीक्षा
अब इंग्लैंड का सामना सेमीफाइनल में दुनिया की सबसे मजबूत टीमों में से एक अर्जेंटीना से होगा. केन का मानना है कि यह मुकाबला उनकी टीम की असली परीक्षा होगा. उन्होंने कहा, "सबसे अच्छी बात यह है कि हम सेमीफाइनल में पहुंच चुके हैं और इसके बावजूद हमें लगता है कि हम अभी और बेहतर खेल सकते हैं."
शानदार फॉर्म में हैं केन
हैरी केन इस विश्व कप में अब तक छह गोल कर चुके हैं और इंग्लैंड के लिए सबसे ज्यादा गोल करने वाले खिलाड़ियों की सूची में जूड बेलिंघम के साथ संयुक्त रूप से शीर्ष पर हैं. उनकी शानदार फॉर्म ने इंग्लैंड को लगातार आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई है.
टीम का आत्मविश्वास बरकरार
कोच की आलोचना के बावजूद इंग्लैंड के खिलाड़ियों का आत्मविश्वास कमजोर नहीं पड़ा है. केन का कहना है कि टीम कई अच्छी चीजें कर रही है और सुधार की गुंजाइश होना भी सकारात्मक संकेत है. उन्होंने कहा, "मुझे नहीं लगता कि हमें इस बात को लेकर जरूरत से ज्यादा चिंता करनी चाहिए. हम कई अच्छी चीजें कर रहे हैं और लगातार बेहतर बनने की कोशिश कर रहे हैं."
अब सबकी निगाहें सेमीफाइनल पर
इंग्लैंड ने 1966 के बाद पहली बार वर्ल्ड कप जीतने का सपना बरकरार रखा है. अब बुधवार को अर्जेंटीना के खिलाफ होने वाला सेमीफाइनल यह तय करेगा कि थ्री लायंस फाइनल का टिकट हासिल कर पाते हैं या नहीं. यदि इंग्लैंड अपने खेल के स्तर को और ऊपर ले जाने में सफल रहता है, तो वर्ल्ड कप ट्रॉफी तक पहुंचने की उसकी उम्मीदें और मजबूत हो सकती हैं.
