शक्रवार को होगा हॉकी कोच वान ऐस के भाग्य का फैसला, बत्रा ने कोचिंग पर उठाये सवाल
नयी दिल्ली : भारतीय पुरुष हॉकी टीम के मुख्य कोच पाल वान ऐस के पद से बर्खास्त करने का दावा करने के एक दिन बाद हॉकी इंडिया के अध्यक्ष नरिदंर बत्रा ने आज नीदरलैंड के इस कोच पर पलटवार करते हुए कहा कि वह अच्छा कोच नहीं है और उनके भाग्य का फैसला शुक्रवार को […]
नयी दिल्ली : भारतीय पुरुष हॉकी टीम के मुख्य कोच पाल वान ऐस के पद से बर्खास्त करने का दावा करने के एक दिन बाद हॉकी इंडिया के अध्यक्ष नरिदंर बत्रा ने आज नीदरलैंड के इस कोच पर पलटवार करते हुए कहा कि वह अच्छा कोच नहीं है और उनके भाग्य का फैसला शुक्रवार को विशेष समिति करेगी.
बत्रा ने पुष्टि की कि बेल्जियम के एंटवर्प में विश्व हाकी लीग सेमीफाइनल्स में मलेशिया के खिलाफ भारत के मैच के बाद उनकी रुखा रवैया अपनाने वाले वान ऐस के साथ बहस हुई थी लेकिन उन्होंने कभी उसे बर्खास्त नहीं किया. वान ऐस ने कल यह दावा किया था कि हॉकी इंडिया ने बत्रा के साथ सार्वजनिक बहस के बाद उन्हें बर्खास्त कर दिया है.
हॉकी इंडिया के अध्यक्ष ने साथ ही कहा कि कोच के भविष्य पर फैसला करने के लिए समिति का गठन कर दिया गया है जो शुक्रवार को फैसला करेगी. बत्रा ने कहा कि उन्हें अहंकार की कोई समस्या नहीं है और अगर समिति को लगता है कि कोच को बरकरार रहना चाहिए तो वह खुद नीदरलैंड जाकर कोच को वापस लाएंगे. बत्रा ने कहा कि वान ऐस ने महसूस कर लिया था कि उसके लिए भारत में अच्छे नतीजे देना मुश्किल है क्योंकि यहां की प्रणाली अलग है.
बत्रा ने कहा, पाल अच्छा मैनेजर और अच्छा प्रेरक है लेकिन अच्छा कोच नहीं है. उन्होंने कहा, मुझे लगता है कि उसने महसूस कर लिया था कि हालैंड, जहां वह फारवर्ड कोच, डिफेंडर कोच, मिडफील्ड के लिए कोच, रणनीतिकार, वीडियो एनालिस्ट आदि था, के विपरीत यहां उसे अपने दम पर प्रदर्शन करना होगा. उसने यह महसूस कर लिया था.