अंधेरे में रह रहे हैं धनबाद के लोग

धनबाद जिले में बिजली की स्थिति बहुत ही खराब हो चुकी है. इस मसले पर धनबाद या कहें कि झारखंड की लगभग सभी राजनीतिक पार्टियों ने चुप्पी साध ली है. सत्ता पक्ष पेसोपेश में है कि क्या करें, और विपक्ष की ओर से भी कोई सुगबुगाहट दिखायी नहीं दे रही है. ऐसे में बेचारी धनबाद […]

धनबाद जिले में बिजली की स्थिति बहुत ही खराब हो चुकी है. इस मसले पर धनबाद या कहें कि झारखंड की लगभग सभी राजनीतिक पार्टियों ने चुप्पी साध ली है.
सत्ता पक्ष पेसोपेश में है कि क्या करें, और विपक्ष की ओर से भी कोई सुगबुगाहट दिखायी नहीं दे रही है. ऐसे में बेचारी धनबाद की जनता को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. हालत यह है कि जहां बिजली पैदा की जाती है, वहां की जनता अंधेरे में रहने को मजबूर है.
आज केंद्र और राज्य दोनों जगह एक ही दल की सरकार है. पहले तो राजनीतिक पार्टियां बहुमत नहीं होने का रोकर काम चला लेती थीं, लेकिन आज यह स्थिति क्यों पैदा हो रही है? राज्य के बिजली बोर्ड के अधिकारियों और सूबे के मुख्यमंत्री से अनुरोध है कि वे इस पर ध्यान देकर बिजली की आपूर्ति में सुधार कराने का कष्ट करें.
प्रवीण कुमार, धनबाद

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >