कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटने से पाकिस्तान बेचैन व परेशान हो गया है. हो भी क्यों न, आखिरकार अनुच्छेद 370 का पूरा लाभ पाकिस्तानी और वहां के आतंकवादी संगठनों को मिल रहा था. उसने अपनी खीझ निकालते हुए भारत से व्यापारिक रिश्ते खत्म कर दिये हैं, जिस कारण बढ़ती महंगाई से पूरा अवाम त्रस्त है.
भारतीय उच्चायुक्त को अपने देश लौटने को कह दिया. वह कश्मीर मुद्दे को वैश्विक स्तर पर उठाने की गीदड़भभकी दे रहा है, पर उसे वहां भी मुंह की खानी पड़ेगी क्योंकि यह हमारा अंदरूनी मसला है, जिसे हमें ही हल करना है.
पाकिस्तान के नापाक इरादे धीरे-धीरे सामने आ रहे हैं कि वह कश्मीर के बारे में कैसी मंसूबे रखता है. उसे याद रखना चाहिए कि शिमला समझौते में हमने उसे जमीन वापस दे दी थी. लेकिन लगता है कि पाकिस्तान यह सब समझने वाला नहीं है. अब कश्मीर में शांति है लेकिन पाकिस्तान परेशान है.
दीपक कुमार, मनिका, लातेहार
