राष्ट्र की सुरक्षा का विचार हो

रोहिंग्या शरणार्थियों से सुरक्षा को खतरा होने की बात केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में कही है. इनकी पृष्ठभूमि क्या है, इस विषय में सरकार को मिली जानकारी चौंकाने वाली है. इसके बावजूद भी सिर्फ भारत होने के कारण ही इस विषय को इंसानियत की स्तर पर लिया जा रहा है. लेकिन जिनसे देश को […]

रोहिंग्या शरणार्थियों से सुरक्षा को खतरा होने की बात केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में कही है. इनकी पृष्ठभूमि क्या है, इस विषय में सरकार को मिली जानकारी चौंकाने वाली है. इसके बावजूद भी सिर्फ भारत होने के कारण ही इस विषय को इंसानियत की स्तर पर लिया जा रहा है.
लेकिन जिनसे देश को खतरा है, उन्हें देश में प्रवेश करने से रोकना और जो घुसे है उन्हें यहां से बाहर करने में ही देश की भलाई है. देश के नागरिकों की सुरक्षा अहम मुद्दा है. भारत में शरण देने के लिए देश के कुछ इलाकों से मोर्चे निकाले जा रहे है. जब रोहिंग्या आतंकवादी हरकतों में पकड़े जाते हैं, तब उनके खिलाफ ये लोग मोर्चे क्यों नहीं निकालते? गलत लोगों के लिए मोर्चे निकाल कर सरकार पर दबाव बनाया जा रहा है.
अमित पडियार, इमेल से

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >