झारखंड एक पिछड़ा इलाका है तथा यहां के नागरिक अधिक गरीब हैं. जनसंवाद कार्यक्रम सिर्फ राज्य की राजधानी रांची में ही आयोजित होती है, जहां गरीब, बुजुर्ग, महिलाएं और आर्थिक व शारीरिक रूप से दुर्बल लोग नहीं पहुंच सकते हैं. फलस्वरूप उन्हें समस्याओं के बीच में दम घुटता है.
नागरिकों की समस्याओं से रू-ब-रू होकर उसके उचित निदान करने के लिए प्रत्येक जिला में जिला पदाधिकारी (उपायुक्त) के अधीन जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित होगें तो राज्य के सभी जिलों के लोगों को जनसंवाद में शामिल होने में परेशानी नहीं होगी और वे अपनी समस्याओं को कार्यक्रम के माध्यम से सरकार के ध्यान में ला सकते हैं.
परमेश्वर झा, दुमका
