Yogi Adityanath: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोगों का आभार जताते हुए कहा- जनता ने पहली बार सभी 17 नगर निगमों में मेयर की सीट भाजपा की झोली में डालीं. सभी नगर निगमों में भाजपा का बोर्ड बना. इसका परिणाम रहा कि नगर निगम ने 3 वर्ष में विकास व स्वच्छता का मॉडल दिया. हमें पिछली सरकारों के पापों के गड्ढों को भरने, भ्रष्टाचार के कूड़े को साफ करने में समय भी लगा. योगी ने कहा- विकास पर खर्च होने वाला पैसा जनता का है. इसे मुख्यमंत्री या मंत्री नहीं दे रहे, बल्कि केवल उसका उचित नियोजन कर रहे हैं. जनता का पैसा जनहित में ही खर्च होगा. यही पीएम मोदी जी का विजन है, प्रेरणा है.
स्वच्छता हर नागरिक की जिम्मेदारी
सीएम योगी ने कहा कि स्वच्छता रैंकिंग में लखनऊ नगर निगम को देश में तीसरा स्थान मिला, इसे पहले स्थान पर लाना है. यह केवल महापौर, पार्षद या सफाई कर्मचारी की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि यह हर नागरिक की जिम्मेदारी है. घर का कूड़ा कूड़ेदान में ही फेंकें, गीला-सूखा कूड़ा अलग करें. सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग न करें. नालियों में कूड़ा न फेंकें और सरकारी संपत्तियों का नुकसान भी न करें. लोग कहते हैं कि लखनऊ बहुत साफ-सुथरा है, जब सरकार की कार्यपद्धति साफ-सुथरी होती है तो ऐसा ही होता है. सीएम ने ढाई करोड़ की कार से आकर गमला चोरी करने वालों पर कटाक्ष किया और कहा कि सभी जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगे हैं. 45 रुपये का गमला खरीद लेते तो सम्मान भी बना रहता और शहर भी सुंदर दिखता.
गरीब, युवा, महिला व किसान को केंद्र में रखा
सीएम ने कहा कि 2017 से पहले सपा सरकार में गरीब के लिए मकान स्वीकृत नहीं हुए. उनकी योजनाएं गरीबों, नौजवानों के लिए नहीं थीं. हमने चेहरा, जाति, क्षेत्र, मत-मजहब देखे बिना देश की चार जातियों (गरीब, युवा, महिला व किसान) को केंद्र में रखकर काम किया. शहरी-ग्रामीण क्षेत्र में 65 लाख से अधिक गरीबों को आवास उपलब्ध कराए. पहले की सरकारें परिवार के लिए सोचती थीं, इसलिए फेल थीं. सपा के गुंडे महिला सुरक्षा के लिए सबसे बड़ा खतरा थे. सपा सरकार में शासन की योजनाओं का लाभ चुनिंदा परिवारों को मिलता था, जबकि मोदी जी ने देशवासियों, डबल इंजन सरकार ने 25 करोड़ प्रदेशवासियों और नगर निगम ने पूरे क्षेत्र को अपना परिवार माना.
नकारात्मक राजनीति करने वालों को दिया जवाब
सीएम ने कहा- जितना बड़ा दायित्व होगा, उतनी बड़ी चुनौतियां भी होंगी, लेकिन लखनऊ और प्रदेश चुनौतियों का बखूबी सामना कर रहा है. सीएम ने नकारात्मक राजनीति करने और सकारात्मक पहल पर अंगुली उठाने वालों को जवाब देते हुए कहा कि तीन वर्ष में नगर निगम, 9 वर्ष में प्रदेश और 12 वर्ष में पीएम मोदी के नेतृत्व में विकास के कार्यक्रम बढ़ाए गए.
देश को कटघरे में खड़ा करने का प्रयास अस्वस्थ मानसिकता
सीएम योगी ने कहा कि ऊर्जा संकट वैश्विक बन चुका है. अमेरिका-ईरान युद्ध के कारण सप्लाई लाइन बाधित हुई है. दुनिया के तमाम क्षेत्रों में तेल की कीमतें आसमान छू रही हैं. जिस अमेरिका के पास अपने ऊर्जा के क्षेत्र हैं, वहां पेट्रोलियम पदार्थ के दाम दोगुने से अधिक हुए हैं. महंगाई चरम पर है, लेकिन पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत में लगातार इसे नियंत्रित किया गया है. पेट्रोलियम उत्पादों के दाम दुनिया में बढ़ेंगे, सप्लाई चेन बाधित होगी तो उसका असर यहां भी पड़ेगा, लेकिन संकट के समय देश के साथ खड़े होने के बजाय देश को कटघरे में खड़ा करने का प्रयास अस्वस्थ मानसिकता का पर्याय है.
जरूरत के अनुसार ही करें बिजली की खपत
सीएम योगी ने कहा कि गर्मी एकाएक बढ़ने से तमाम थर्मल पावर प्लांट ने अचानक शटडाउन ले लिया. उत्पादन पर असर पड़ा. 2017 तक यूपी में पीक पावर की सप्लाई 15-16 हजार मेगावाट रहती थी, आज यह 32-33 हजार मेगावाट पहुंच गई है. उस समय 6 हजार मेगावाट उत्पादन था, जबकि आज 13 हजार मेगावाट बिजली का उत्पादन हो रहा है. रिन्युवल एनर्जी का उत्पादन लगभग 10 हजार मेगावाट तक बढ़ा है, लेकिन हमारी आवश्यकता 33-35 हजार मेगावाट है. एलपीजी संकट को देखते हुए लोग खाना पकाने में इलेक्ट्रिक हीटर का भी इस्तेमाल कर रहे हैं. देश की समस्या हर किसी की समस्या है. किसी के बहकावे में न आएं. जितनी आवश्यकता है, उतनी ही बिजली खपत करें.
अफवाह फैलाने वाले देश के हितैषी नहीं
सीएम ने कहा कि अफवाह फैलाने वाले देश के हितैषी नहीं हैं. जब ये सत्ता में रहे तो आमजन के हित में कार्य नहीं किया। महिला, किसान, गरीब, युवा के हक पर डकैती डाली. सीएम ने पिछले 9 साल की विकास योजनाओं, लाभार्थियों, सरकारी नौकरियों व रोजगार पाने वाले युवाओं की संख्या गिनाई. उन्होंने कहा कि यह काम सपा, बसपा व कांग्रेस ने क्यों नहीं किया, क्योंकि उनके एजेंडे में सिर्फ परिवार और भाई-भतीजावाद था. हमने सभी के हितों के लिए कार्य किया, इसलिए हम सफल और वे फेल हैं.
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