सूरजकुंड झूला हादसा: ऑपरेटर और एक कर्मचारी गिरफ्तार, चश्मदीद ने किया बड़ा खुलासा

हरियाणा में फरीदाबाद के सूरजकुंड मेला मैदान में सुनामी झूले के टूटकर गिरने की घटना के एक दिन बाद रविवार को पुलिस ने झूला संचालक और उसके एक कर्मचारी को गिरफ्तार कर लिया. 7 फरवरी को हुए हादसे में ड्यूटी पर तैनात एक पुलिसकर्मी की मौत हो गई. जबकि 12 अन्य घायल हो गये थे.

फरीदाबाद पुलिस के प्रवक्ता यशपाल ने कहा, घटना की जांच के लिए गठित एक विशेष जांच दल ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है. आरोपियों में से एक हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले का निवासी मोहम्मद शाकिर है, जो झूले का संचालन करने वाली हिमाचल फन केयर कंपनी का मालिक है. दूसरा आरोपी उत्तर प्रदेश के मेरठ का रहने वाला नितेश है, जो शाकिर के अधीन काम करता था.

चश्मदीद ने हादसे पर किया बड़ा खुलासा

सूरजकुंड मेले में जॉयराइड गिरने की घटना पर एक चश्मदीद, अबरार अली ने बताया, यह घटना 07 फरवरी की शाम करीब 6.10 बजे हुई. मेरी दुकान यहीं है, ठीक जॉयराइड के सामने. मुझे लोगों के चीखने की आवाज सुनाई दी. मैंने उन्हें देखा और पाया कि जॉयराइड अटक गई थी. मैंने करीब 7-8 लोगों को बचाया और उन्हें नीचे उतारा. जब मैं एक और व्यक्ति को बचाने की कोशिश कर रहा था, तो जॉयराइड पूरी तरह से गिर गई. मुझे भी चोट लगी…जॉयराइड अच्छी हालत में लग रही थी. शायद यह ओवरलोड हो गई थी या पुरानी थी…जो पुलिस इंस्पेक्टर मारे गए, वे दूसरी तरफ से लोगों को बचाने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन वे फंस गए…मैं दिल्ली का स्टेट-लेवल बॉक्सर हूं, इसलिए जब मैं लोगों को बचाने के लिए जॉयराइड के ऊपर चढ़ा तो मुझे डर नहीं लगा…सभी पुलिसकर्मी लोगों को बचाने की कोशिश कर रहे थे.

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने का दिया निर्देश

हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने रविवार को संबंधित अधिकारियों को मेले और अन्य सार्वजनिक आयोजनों में सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया. सैनी ने कहा, इस कठिन समय में सरकार पुलिसकर्मी जगदीश प्रसाद के परिवार के साथ मजबूती से खड़ी है. दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हुए लोगों को राज्य सरकार की ओर से एक-एक लाख रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की जायेगी.

शहीद पुलिसकर्मी के परिवार को एक करोड़ रुपये का मुआवजा, परिवार के एक सदस्य को नौकरी

हरियाणा के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) अजय सिंघल ने शनिवार रात को बहादुर निरीक्षक के लिए एक करोड़ रुपये के मुआवजे और उनके परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की घोषणा की.

मार्च में सेवानिवृत्त होने वाले थे शहीद जगदीश प्रसाद

अधिकारियों ने बताया कि वर्ष 1989 में हरियाणा सशस्त्र पुलिस में भर्ती हुए निरीक्षक जगदीश प्रसाद 36 वर्षों की सेवा पूरी कर मार्च में सेवानिवृत्त होने वाले थे और उन्होंने झूले में फंसे लोगों को बचाने का साहसिक प्रयास किया. इस दौरान उन्हें गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद अस्पताल में उनकी मृत्यु हो गई.

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By ArbindKumar Mishra

मुख्यधारा की पत्रकारिता में 14 वर्षों से ज्यादा का अनुभव. खेल जगत में मेरी रुचि है. वैसे, मैं राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय खबरों पर काम करता हूं. झारखंड की संस्कृति में भी मेरी गहरी रुचि है. मैं पिछले 14 वर्षों से प्रभातखबर.कॉम के लिए काम कर रहा हूं. इस दौरान मुझे डिजिटल मीडिया में काम करने का काफी अनुभव प्राप्त हुआ है. फिलहाल मैं बतौर शिफ्ट इंचार्ज कार्यरत हूं.

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