Coronavirus: कोरोना वायरस के डर से कर रहे हैं सैनिटाइज़र यूज, तो पहले पढ़ ले ये खबर

Coronavirus: नकली सैनिटाइज़र और हैंड वॉश बाजार में आ गये हैं जो आपको कोरोना वायरस से बचाने की बजाए बीमार कर सकते हैं.

कोरोना वायरस (Coronavirus) का खतरा वैश्विक स्तर पर बढ़ता ही जा रहा है. भारत में भी कोरोना के 75 मरीज संक्रमित पाये गये हैं. डॉक्टर इसके संक्रमण से बचने के लिए उपाय बता रहे हैं जिसमें हैंड वॉश और सैनिटाइज़र का उपयोग भी एक है. इसी बीच खबर है कि बाजार में नकली सैनिटाइज़र (duplicate sanitizer) और हैंड वॉश आ गये हैं जो आपको वायरस से बचाने की जगह बीमार कर देंगे.

इसी से जुड़ी एक खबर महाराष्ट्र से सामने आयी है. प्रदेश में जहां प्रशासन एक ओर कोरोना वायरस के खतरे को कम करने के उपायों में जुटा है वहीं महाराष्ट्र के स्वास्थ्य नियामक को कुछ ऐसे लोगों के बारे में पता चला है जो घटिया हैंड वॉश और सैनिटाइज़र बेचकर तेजी से पैसा कमाने की होड़ में लगे हैं.

महाराष्ट्र में खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने घर में घटिया हैंड वॉश और सैनिटाइज़र बनाने वाले लोगों के खिलाफ एक अभियान चलाया है. उन्होंने बताया कि एफडीए ने पिछले कुछ दिनों में शहर के पश्चिमी उपनगरों में स्थानीय विनिर्माण इकाइयों पर छापा मार लाखों रुपये के ऐसे उत्पाद जब्त किये हैं. इस संबंध में एक अधिकारी ने बताया कि उपनगरीय कांदिवली में दवाइयों की दुकान का निरीक्षण करते समय एफडीए को एक व्यक्ति दुकान के मालिक को हैंड सैनिटाइज़र बेचता दिखा. एफडीए के अधिकारियों ने उसे पकड़ा और पाया कि उसके द्वारा बेचा गया सैनिटाइज़र जिस इकाई में बनाया गया है उसके पास इसके लिए लाइसेंस नहीं है. वे उसे कांदिवली में आपूर्तिकर्ता के पास ले गए, जहां से उन्हें करीब डेढ़ लाख रुपये के सैनिटाइज़र बरामद हुए.

आगे अधिकारी ने बताया कि एफडीए के अधिकारियों ने फिर चिकित्सा उत्पादों के एक वितरक के यहां भी छापा मारा, जहां से उन्हें घटिया किस्म के 1.72 लाख रुपये के सैनिटाइज़र बरामद हुए. ये सैनिटाइज़र जिन इकाइयों में बनाये गये उनके पास उचित लाइसेंस नहीं था और वे बिना सही रसीद और दस्तावेजों के उसे दवाइयों की दुकान पर बेच रहे थे. अधिकारियों ने वकोला, कांदिवली के चारकोप स्थित कुछ इकाइयों में भी छापेमारी की.

यहां आपको बताते चलें कि भारत में कोरोना वायरस के मामलों की संख्या 75 पहुंच चुकी है. इनमें कर्नाटक में 76 वर्षीय एक व्यक्ति की मौत का मामला भी शामिल है. केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने शुक्रवार को यह जानकारी दी. कर्नाटक के कलबुर्गी का रहने वाला व्यक्ति हाल ही में सऊदी अरब से लौटा था जिसकी कोरोना के कारण जान चली गयी है.

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Author: Amitabh Kumar

Published by: Prabhat Khabar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

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