Chandni Chowk: आप को भाजपा और कांग्रेस से मिल रही है कड़ी चुनौती

इस बार आम आदमी पार्टी की ओर से साहनी के बेटे पूरनदीप सिंह साहनी को मैदान में उतारा है. वहीं कांग्रेस की ओर से वरिष्ठ नेता पूर्व सांसद जयप्रकाश अग्रवाल के बेटे मुदित अग्रवाल और भाजपा ने सतीश जैन का उम्मीदवार बनाया है. इस इलाके में व्यापारी वर्ग के अलावा मुस्लिम, पंजाबी और अनुसूचित जाति के मतदाताओं की संख्या भी काफी है.

Chandni Chowk: दिल्ली का चांदनी चौक विधानसभा सीट पुरानी दिल्ली की एक प्रमुख सीट है. प्रसिद्ध लाल किले के सामने चांदनी चाैक बाजार काफी पुराना और प्रसिद्ध है. हर समय भीड़ से घिरे इस इलाके में संकरी गलियों में कारोबार होता है. हर चुनाव में व्यापार, साफ-सफाई और बुनियादी सुविधाओं के मुद्दे अहम होते हैं. इसके अलावा इस इलाके के व्यंजन भी काफी मशहूर है. खाने के शौकीन लोग चांदनी चौक के खाने का लुत्फ उठाने जरूर आते हैं. यह एक ऐतिहासिक विरासत का इलाका है और इस क्षेत्र में कई ऐतिहासिक इमारतें मौजूद है. खास बात है कि इस इलाके से जिस पार्टी का विधायक चुनाव जीतता है, दिल्ली में उसी की सरकार बनती है.

वर्ष 1998 से 2013 तक कांग्रेस के प्रह्लाद सिंह साहनी विधायक रहे. फिर वर्ष 2015 में आम आदमी की ओर से अलका लांबा चुनाव जीती, लेकिन वर्ष 2020 में साहनी आम आदमी के टिकट पर चुनाव लड़े और जीत गए. इस बार आम आदमी पार्टी की ओर से साहनी के बेटे पूरनदीप सिंह साहनी को मैदान में उतारा है. वहीं कांग्रेस की ओर से वरिष्ठ नेता पूर्व सांसद जयप्रकाश अग्रवाल के बेटे मुदित अग्रवाल और भाजपा ने सतीश जैन का उम्मीदवार बनाया है.

इस इलाके में व्यापारी वर्ग के अलावा मुस्लिम, पंजाबी और अनुसूचित जाति के मतदाताओं की संख्या भी काफी है. ऐसे में व्यापारी वर्ग को साधने के लिए हर दल कोशिश कर रहा है. मुदित अग्रवाल और सतीश जैन व्यापारी वर्ग में अच्छी पकड़ मानी जाती है. दोनों चांदनी चौक इलाके की नब्ज को अच्छी तरह समझते हैं. वर्ष 1993 के बाद भाजपा कभी इस सीट से चुनाव नहीं जीत पायी है. 


व्यापारी वर्ग का है दबदबा

अन्य क्षेत्रों की तरह चांदनी चौक में ट्रैफिक जाम एक बड़ी समस्या है. सड़कों पर अवैध अतिक्रमण के कारण हमेशा ट्रैफिक जाम लगा रहता है. हालांकि पिछले कुछ साल में चांदनी चौक की सड़कों का चौड़ीकरण किया गया है, लेकिन इससे ट्रैफिक की समस्या खत्म नहीं हुई है. इलाके की गलियां काफी संकरी है. इन गलियों में सड़कों की स्थिति जर्जर है. इसके अलावा सीवेज की समस्या और पानी की कमी से लोग परेशान हैं. व्यापारी वर्ग का कहना है कि इलाके में बुनियादी सुविधाओं की कमी है. बुनियादी सुविधाओं की कमी और ट्रैफिक जाम से व्यापार पर असर पड़ता है. कपड़ा कारोबारी रमेश गुप्ता ने कहा कि चांदनी चौक काफी पुराना बाजार है.

यहां पूरे देश के लोग खरीदारी करने के लिए आते हैं. लेकिन ट्रैफिक की समस्या और सड़कों पर अतिक्रमण के कारण व्यापार पर असर पड़ रहा है. सरकार इस इलाके की मूलभूत सुविधाओं को बेहतर नहीं कर रही है. सिर्फ सौंदर्यीकरण से इलाके का विकास नहीं होगा. व्यापारी वर्ग की कई तरह की समस्याएं है और उस ओर सरकार ध्यान नहीं दे रही है. स्थानीय निवासी रमेश कुमार ने कहा कि इलाके में पहले के मुकाबले बिजली और पानी की स्थिति बेहतर हुई. गलियों में सड़कों का निर्माण काम किया गया है. मौजूदा सरकार से आम लोगों को काफी राहत मिल रही है. लेकिन साफ-सफाई बड़ी समस्या बनी हुई है. 

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Vinay Tiwari

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >