New Delhi: देश के पहले चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ यानी सीडीएस जनरल बिपिन रावत नहीं रहे. बुधवार की दोपहर तमिलनाडु के कुन्नूर में हुए एक हेलीकॉप्टर हादसे में जनरल रावत के साथ ही उनकी पत्नी मधुलिका रावत और 11 अन्य लोगों की जान चली गयी. भारतीय वायुसेना के इस एमआइ-17वी5 हेलीकॉप्टर में कुल 14 लोग सवार थे, जिसमें सैन्य अधिकारी व क्रू मेंबर भी शामिल थे. लेकिन अब जनरल बिपिन रावत के हेलीकॉप्टर क्रैश से पहले का वीडियो सामने आया है. बताया जा रहा है कि यह वीडियो वहां के स्थानीय लोगों ने बनाया है. वीडियो को लेकर दावा किया जा रहा है कि यह जनरल बिपिन रावत के हेलीकॉप्टर का वीडियो है.
2015 में हेलीकॉप्टर दुर्घटना में बाल-बाल बचे थे जनरल रावत: यह पहली बार नहीं था, जब बिपिन रावत किसी हवाई हादसे का शिकार हुए. फरवरी, 2015 में वह एक हेलिकॉप्टर दुर्घटना में बाल-बाल बचे थे. उस समय लेफ्टिनेंट जनरल बिपिन रावत सेना की दीमापुर स्थित 3-कोर के हेडक्वार्टर प्रमुख पद पर थे. जब वह दीमापुर से चीता हेलिकॉप्टर में सवार होकर निकले, तब अचानक ही कुछ ऊंचाई पर हेलिकॉप्टर अनियंत्रित हो गया और क्रैश हो गया. इस हादसे में जनरल रावत को बस मामूली चोटें आयीं थीं.
हादसे ने छीना इन वीर सपूतों को
ब्रिगेडियर जीएस लिद्दर, सीडीएस के डीए
लेफ्टिनेंट कर्नल हरजिंदर सिंह, सीडीएस के स्टॉफ ऑफिसर
नायक गुरुसेवक सिंह, अंगरक्षक
लांस नायक विवेक कुमार, अंगरक्षक
लांस नायक बीएस तेजा, अंगरक्षक
नायक जीतेंद्र कुमार,अंगरक्षक
हवलदार सतपाल राई,अंगरक्षक
हेलीकॉप्टर क्रू
विंग कमांडर पीएस चौहान
स्वॉड्रन लीडर के. सिंह
जूनियर वारंट ऑफिसर दास
जूनियर वारंट ऑफिसर प्रदीप ए
शुक्रवार को दी जाएगी अंतिम सलामी: इस भयानक हादसे में 14 लोगों में सिर्फ एक शख्स ग्रुप कैप्टन वरुण सिंह जीवित बचे हैं. हेलीकॉप्टर क्रू में शामिल ग्रुप कैप्टन सिंह को वेलिंगटन के मिलिट्री हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है. वरुण सिंह यूपी के देवरिया जिले की रुद्रपुर तहसील के रहने वाले हैं. वहीं, भारत के पहले चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल बिपिन रावत और उनकी पत्नी मधुलिका रावत के पार्थिव शरीर को आज दिल्ली ले जाया जा रहा है. कल यानी 10 दिसंबर को उन्हें अंतिम सलामी दी जाएगी. इसके उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा.
Posted by: Pritish Sahay
