सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें कुछ लोग एक ऑटो रिक्शा को ट्रेन के पार्सल कोच में चढ़ाते दिखाई दे रहे हैं. वीडियो को महाराष्ट्र में मराठी भाषा को लेकर चल रही चर्चा से जोड़ते हुए दावा किया जा रहा है कि मराठी नहीं आने की वजह से ऑटो ड्राइवर मुंबई छोड़कर अपने गांव लौट रहा है. हालांकि, यह दावा गलत है.
वीडियो सही, लेकिन पुराना है
सेंट्रल रेलवे ने भी इस दावे को खारिज कर दिया है. रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी स्वप्निल नीला ने बताया कि वायरल वीडियो मौजूदा घटनाक्रम का नहीं, बल्कि पुराना है. वीडियो में दिखाई दे रही ट्रेन लोकमान्य तिलक टर्मिनस (LTT)-बनारस समर स्पेशल थी, जो अप्रैल से जून 2026 के बीच संचालित हुई थी.
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ट्रेन में कैसे पहुंचा ऑटो?
सेंट्रल रेलवे के मुंबई डिवीजन के DRM ने बताया कि वीडियो में दिखाई दे रही ट्रेन लोकमान्य तिलक टर्मिनस (LTT) से वाराणसी के बीच चलने वाली स्पेशल ट्रेन 01073/74 थी. यह ट्रेन 1 अप्रैल से 15 जून के बीच चलाई गई थी और फिलहाल संचालित नहीं हो रही है. रेलवे के मुताबिक ऑटो को 27 अप्रैल को पार्सल के तौर पर बुक किया गया था और उसे LTT से बनारस भेजा जाना था.
