ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने उन खबरों का खंडन किया है जिसमें यह बताया जा रहा है कि बोर्ड अफगानिस्तान में तालिबान के कब्जे का समर्थन करता है. बोर्ड की ओर से यह कहा गया है कि अफगानिस्तान की वर्तमान राजनीतिक स्थिति और वहां तालिबान के कब्जे पर बोर्ड ने कोई बयान नहीं दिया है.
ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने अपने अधिकारिक ट्विटर हैंडिल से ट्वीट किया है कि बोर्ड के कुछ सदस्यों की निजी राय को बोर्ड की राय बताकर प्रस्तुत किया जा रहा है. बोर्ड की ओर से यह कहा गया है कि कुछ सदस्यों की राय बोर्ड की राय नहीं हो सकती है.
मौलाना सज्जाद नोमानी ने तालिबान की तारीफ की
ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के प्रवक्ता मौलाना सज्जाद नोमानी ने तालिबान की तारीफ की है और कहा है कि वे तालिबान के हौसले को सलाम करते हैं. नोमानी ने कहा है कि तालिबान ने सबसे मजबूत फौज को शिकस्त दी है. उन्होंने तालिबान को मुबारक बाद दी और कहा कि हिंदी मुसलमान उन्हें सलाम करता है. नोमानी के इस बयान की पूरे देश में निंदा हो रही थी जिसके बाद ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड की ओर से यह स्पष्टीकरण आया है.
मोहसिन रजा ने नोमानी के बयान की निंदा की
नोमानी के बयान की निंदा करते हुए यूपी सरकार के मंत्री मोहसिन रजा ने कहा कि मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड नहीं मुल्ला पर्सनल लॉ बोर्ड है. मोहसिन रजा ने कहा कि ये लोग अब अपना असली चेहरा दिखा रहे हैं क्योंकि इन्हें राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है. मोहसिन रजा ने कहा कि तालिबान को समर्थन देने वाले बयान के बाद सपा अध्यक्ष को स्पष्टीकरण देना चाहिए.
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Posted By : Rajneesh Anand
