Ajit Pawar Plane Crash: एनसीपी शरद पवार गुट के विधायक रोहित पवार ने अजित पवार के विमान हादसे पर बड़ा दावा किया है. मंगलवार को रोहित पवार ने इस पूरे हादसे पर एक प्रेजेंटेशन दिखाया. अपने प्रेजेंटेशन में उन्होंने महाराष्ट्र के पूर्व उप मुख्यमंत्री अजित पवार के विमान हादसे को लेकर कई सवाल उठाए. रोहित ने कहा “अजीत पवार का विमान हादसा किसी साजिश का हिस्सा हो सकता है. हमने दुर्घटना से जुड़ी कुछ बातों की जांच भी की है. एक किताब में लिखा है कि अगर किसी को मारना हो तो सबसे आसान तरीका है उसके ड्राइवर को मार देना. हादसे से एक दिन पहले शाम को दादा को मुंबई से पुणे कार से आना था. उस समय काफिला भी निकल चुका था. लेकिन दादा कार से क्यों नहीं निकले? अजीत दादा को एक बड़े नेता से मिलना था.”
कैप्टन सुमित कपूर के रिकॉर्ड पर सवाल?
रोहित पवार ने एक मीडिया से बात करते हुए विमान की कमान संभाल रहे कैप्टन सुमित कपूर के पिछले रिकॉर्ड पर सवाल उठाया. उन्होंने शराब पीने के कारण उनके तीन साल के सस्पेंशन की भी बात कही. उन्होंने कहा कि अपराध जांच विभाग (CID) के पास इस हादसे की पूरी जांच करने का अधिकार नहीं है. इसके साथ ही उन्होंने विभिन्न विशेषज्ञ एजेंसियों की ओर से व्यापक जांच कराये जाने की मांग की, जिनमें भारतीय एजेंसियों के अलावा राष्ट्रीय परिवहन सुरक्षा बोर्ड, नागरिक विमानन सुरक्षा जांच एवं विश्लेषण ब्यूरो, ब्रिटेन की विमान दुर्घटना जांच शाखा (AAIB) शामिल हों. उन्होंने आगे आरोप लगाया कि दुर्घटनाग्रस्त लियरजेट विमान की मालिकाना कंपनी ‘वीएसआर’ का डीजीसीए के अधिकारियों पर प्रभाव है और वह ‘कुछ भी करके बच सकती है.’
‘महज दुर्घटना नहीं, साजिश की बू’- रोहित पवार
रोहित पवार ने कहा कि वीएसआर कंपनी के एक विमान के 2023 में हुए हादसे की अंतिम जांच रिपोर्ट पहले ही पेश कर दी गई है. इसके बावजूद, वीएसआर कंपनी के विमान अब भी उच्चस्तरीय नेताओं द्वारा उपयोग किए जा रहे हैं. उन्होंने यह सवाल भी उठाया कि कंपनी का परिचालन लाइसेंस कभी क्यों रद्द नहीं किया गया. रोहित पवार ने कहा कि बुकिंग करने वाली कंपनी एरो, वीएसआर कंपनी और पायलट सुमित कपूर पर गंभीर संदेह हैं. उन्होंने आरोप लगाया ‘‘हमें नहीं लगता कि यह महज एक दुर्घटना थी. इसमें साजिश की बू है.’’
दुर्घटना से पहले के घटनाक्रम पर भी रोहित ने उठाए सवाल
रोहित पवार ने दुर्घटना से पहले के घटनाक्रम को लेकर कई सवाल उठाए. उन्होंने पूछा कि क्या अंतिम क्षणों से पहले विमान का ट्रांसपोंडर जानबूझकर बंद कर दिया गया था? रोहित पवार के अनुसार, मूल पायलट -साहिल मदान और यश- कथित तौर पर यातायात के कारण देरी से पहुंचे थे. उन्होंने पूछा ‘‘तो सुमित कपूर और शांभवी पाठक हवाई अड्डे तक कैसे पहुंचे? क्या वे आसपास ही रहते थे?’’ उन्होंने यह भी कहा कि पाठक को कपूर की तुलना में लियरजेट उड़ाने का अधिक अनुभव था. उन्होंने दावा किया कि विमान के एक तरफ झुकने पर कपूर चुप रहे. एनसीपी (शरद पवार) विधायक ने पूछा, ‘‘ सुमित कपूर ने मुश्किल रनवे 11 की मांग क्यों की और दृश्यता की समस्या के बावजूद लैंडिंग का प्रयास क्यों किया?’’ (भाषा इनपुट)
