नयी दिल्ली : वित्त मंत्री अरूण जेटली ने भारत के प्रधान न्यायाधीश के खिलाफ यौन उत्पीड़न के मामले को लेकर अटनर्जी जनरल के के वेणुगोपाल और सरकार के बीच मतभेद की खबरों को ‘पूरी तरह से गलत’ बताते हुए खारिज कर दिया. वेणुगोपाल ने उच्चतम न्यायालय के सभी न्यायाधीशों को पत्र लिखकर शीर्ष अदालत के तीन सेवानिवृत न्यायाधीशों की एक समिति गठित करने को कहा था जो अदालत की बर्खास्त महिला कर्मी द्वारा भारत के प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई के खिलाफ यौन उत्पीड़न के आरोपों की जांच करे.
अटॉर्नी जनरल और सरकार के बीच मतभेद की खबरें प्रेरित : जेटली
नयी दिल्ली : वित्त मंत्री अरूण जेटली ने भारत के प्रधान न्यायाधीश के खिलाफ यौन उत्पीड़न के मामले को लेकर अटनर्जी जनरल के के वेणुगोपाल और सरकार के बीच मतभेद की खबरों को ‘पूरी तरह से गलत’ बताते हुए खारिज कर दिया. वेणुगोपाल ने उच्चतम न्यायालय के सभी न्यायाधीशों को पत्र लिखकर शीर्ष अदालत के […]

इस मामले की जांच हालांकि उच्चतम न्यायालय के तीन वर्तमान न्यायाधीशों की समिति ने की थी. जेटली ने अपने ट्वीट में कहा, ‘‘ अटर्नी जनरल और सरकार के बीच मतभेद से संबंधित खबर पूरी तरह से गलत है. बार के वरिष्ठतम सदस्यों में से एक होने के नाते उनके (वेणुगोपाल के) कुछ मुद्दों पर अपने विचार होते हैं. सरकार उनकी सलाह के लिये उनका सम्मान करती है. ” गौरतलब है कि इस मामले में तीन सदस्यीय समिति ने सीजेआई गोगोई को क्लीनचिट दे दी थी.