अपराधियों के डेटाबेस से नहीं जुड़ा है बिहार का कोई थाना

नयी दिल्ली: राष्ट्रीय अपराध रिकार्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) प्रमुख ईश कुमार ने सोमवार को कहा कि बिहार के किसी भी पुलिस थाने को अभी तक अपराध और अपराधियों के अखिल भारतीय डेटाबेस ‘सीसीटीएनएस’ से नहीं जोड़ा गया है. कुमार ने एनसीआरबी की ओर से आयोजित ‘‘सीसीटीएनएस..गुड प्रैक्टिसेस एंड सक्सेस स्टोरीज’ विषयक दो दिवसीय सम्मेलन में कहा […]

नयी दिल्ली: राष्ट्रीय अपराध रिकार्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) प्रमुख ईश कुमार ने सोमवार को कहा कि बिहार के किसी भी पुलिस थाने को अभी तक अपराध और अपराधियों के अखिल भारतीय डेटाबेस ‘सीसीटीएनएस’ से नहीं जोड़ा गया है.

कुमार ने एनसीआरबी की ओर से आयोजित ‘‘सीसीटीएनएस..गुड प्रैक्टिसेस एंड सक्सेस स्टोरीज’ विषयक दो दिवसीय सम्मेलन में कहा कि वर्तमान समय में देश के 15,655 पुलिस थानों में से 14,749 पुलिस थाने और 7,931 कार्यालयों में से 6,649 ‘क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क एंड सिस्टम्स’ (सीसीटीएनएस) से जुड़े हुए हैं. उन्होंने कहा कि बाकी 1000 पुलिस थानों में से 894 बिहार के हैं.’ इस मौके पर केंद्रीय गृह राज्य मंत्री हंसराज गंगाराम अहीर भी मौजूद थे, जिन्होंने सम्मेलन का उद्घाटन किया.

एनसीआरबी प्रमुख ने कहा कि 36 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में से 35 राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों ने नागरिकों को सेवाएं मुहैया कराने के लिए अपने नागरिक पोर्टल शुरू किये हैं. इनमें ऑनलाइन शिकायतें दर्ज कराना तथा सीसीटीएनएस के जरिये किरायेदारों और घरेलू सहायकों के पूर्ववृत्त निकालने की सुविधा शामिल है. बाद में एक अधिकारी ने कहा कि तकनीकी कारणों से सीसीटीएनएस को बिहार में शुरू नहीं किया गया है. इसका अब समाधान किया जा रहा है.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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